गुरु गोरखनाथ का भूत भविष्य वर्तमान मंत्रगुरु गोरखनाथ का भूत भविष्य वर्तमान मंत्र

गुरु गोरखनाथ का भूत भविष्य वर्तमान मंत्र – नाथ पंथ की साधना guru gorakhnath ka bhoot bhavishya vartman mantra  ph. 85280 57364

 

गुरु गोरखनाथ का भूत भविष्य वर्तमान मंत्र
गुरु गोरखनाथ का भूत भविष्य वर्तमान मंत्र

 

guru gorakhnath ka bhoot bhavishya vartman mantra गुरु गोरखनाथ का भूत भविष्य वर्तमान मंत्र बताइए यह बहुत समय से साधक जानो की डिमांड थी। आज आप को प्राचीन नाथ पंथ का मंत्र की जानकारी देने वाला हु इस गुरु गोरखनाथ मंत्र से भूत भविष्य वर्तमान मंत्र से आप को त्रिकाल ज्ञान की प्रपात होगा। आप निश्चित ही त्रिकाल ज्ञान को हासिल करोगे और आप को इस की अच्छी जानकारी हो जाएगी यह नाथ पंथ का प्राचीन मंत्र है 

गुरु गोरखनाथ का भूत भविष्य वर्तमान मंत्र guru gorakhnath ka bhoot bhavishya vartman mantra  भूत भविष्य वर्तमान शाबर मंत्र 

ॐ नमो वीर हनुमान हाथ बताशा मुख में पानी आओ हनुमान बताओ
हाल, कालरथी का चला अंजनी का जालर (अमुक) मनुज का पीछा
आगा भविष्य सब ऊंचानीचा पाप पुण्य सेब चोखा चोखा तुरत ही
बताओ न बताओ तो माता अंजनी का दूध हराम गुरु गोरख
उचारे, अंजनी का जाया हनुमान म्हारो काज सवारे मेरी भक्ति गुरु की
शक्ति बले मन्त्र ईश्वरो वाचा

guru gorakhnath ka bhoot bhavishya vartman mantra गुरु गोरखनाथ का भूत भविष्य वर्तमान मंत्र विधि विधान 

वैसे यह मन्त्र पर्व काल ग्रहण काल या दीपावली होली, नवरात मे एक हजार आठ संख्या में सिद्ध हो जाता है मगर उसके अलावा ४१ दिन में सवा लाख जाप पूर्ण करने का विधान है साधना के अंतिम दिन दशांश का हवन जरूर करे और श्रीफल अग्नि में भेंट दें भोग भी लगाए मन्त्र सिद्ध हो जाएगा जब कभी इस मेन्त्र का प्रयोग करना हो तो व्यक्ति को सामने बिठा कर गूगल की धूनी करे और इस मन्त्र का २१,या ४१ बार जाप मन मे करे और मन्त्र अमुक की जगह उस व्यक्ति का नाम ले कर ध्यान करे आपको उस व्यक्ति के बारे में जो जानना हो वो में उसे बता सकते हो इस प्रयोग को जन कल्याण के लिए प्रयोग में लाये । जय अलख जय गिरनारी । आदेश ।

 

और पढ़ो 

माँ तारा कैंसर से मुक्ति साधना maa tar

रेकी हीलिंग करने और करवाने के ख़तरे Risks of doing and getting Reiki healing done

sham Kaur Mohini माता श्याम कौर मोहिनी की साधना और इतिहास -ph.85280 57364

 

By Rodhar nath

My name is Rudra Nath, I am a Nath Yogi, I have done deep research on Tantra. I have learned this knowledge by living near saints and experienced people. None of my knowledge is bookish, I have learned it by experiencing myself. I have benefited from that knowledge in my life, I want this knowledge to reach the masses.

Leave a Reply