Year: 2023

विभीषणकृत हनुमद वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra की तंत्र साधना ph.85280 57364

No Comments
विभीषणकृत हनुमद वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra की तंत्र साधना ph.8528057364 

विभीषणकृत हनुमद वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra की तंत्र साधना ph.8528057364 

विभीषणकृत हनुमद वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra की तंत्र साधना
विभीषणकृत हनुमद वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra की तंत्र साधना

विभीषणकृत हनुमद वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra की तंत्र साधना हनुमानजी को महावीर भी कहा जाता है। महावीर का अर्थ है– अजेय अर्थात् जिसे बल, बुद्धि, विद्या, ज्ञान, नीति में कोई पराजित न कर पाये और जिसने समस्त शक्तियों को जीत लिया है। यह बात हनुमान जी पर बिलकुल सही बैठती है । इसलिये हनुमानजी को शास्त्रों में बल बुद्धि और विद्या का दाता कहा गया है।

हनुमान वडवानल स्तोत्र  Hanuman Vadvanal Stotra प्रयोग

हनुमान वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra के तांत्रिक

हनुमान वडवानल Hanuman Vadvanal Stotra स्तोत्र इफेक्ट्स

वडवानल Hanuman Vadvanal Stotra शब्द का अर्थ

हनुमान वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra संस्कृत

हनुमान वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra हिंदी में

 

हनुमान वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra  इफेक्ट्स और लाभ 

हनुमानजी के संबंध में कुछ बातें विशेष ध्यान देने की हैं। एक बात तो यह है कि हनुमानजी शिव के अंश हैं हनुमानजी को एकादश रुद्र अवतार इसी दृष्टि से कहा गया है। इसलिये हनुमत साधना से हनुमानजी की कृपा दृष्टि तो प्राप्त होती ही है, भगवान शंकर की कृपा भी सहज ही प्राप्त हो जाती है हनुमानजी के संबंध में दूसरी बात यह समझ लेने की है कि यह समस्त देवों की शक्ति को अपने अन्दर संचित करके अवतरित हुये हैं।

इसलिये वे वीरता, पराक्रम, दक्षता, निर्भयता, निरोगता आदि के प्रतीक हैं। जो साधक हनुमानजी की सच्चे मन से साधना करता है, उसे यह समस्त गुण सहज ही प्राप्त हो जाते हैं हनुमानजी शक्ति, पौरुषता, स्फूर्ति, धैर्य, विवेक, वाक्पटुता आदि गुणों से भी सम्पन्न हैं। इसलिये हनुमानजी के साधकों को यह समस्त गुण सहज ही प्राप्त हो जाते हैं।

हनुमानजी राम, लक्ष्मण और सीता की सेवा भक्ति में सदैव समर्पित रहे हैं। उन्हें सेवा और समर्पण का भाव बहुत पसन्द है। इसलिये जो व्यक्ति गहरी आस्था और पूर्ण समर्पण भाव के साथ हनुमानजी की शरण में आ जाता है, वह सहज ही हनुमानजी का कृपापात्र बन जाता है। साधना में पूर्ण समर्पण भाव ही साधक को तत्काल फल प्रदान कराता है।

ऐसी कोई बाधा, ऐसी कोई शारीरिक या मानसिक समस्या नहीं है, जो हनुमानजी की शक्ति के सामने ठहर सके। इसी तरह ऐसी कोई व्याधि और ऐसा कोई संकट नहीं है जो हनुमत साधना से दूर न हो सके। जिस साधक पर एक बार हनुमानजी का वरदहस्त आशीर्वाद स्वरूप रख दिया जाता है, फिर उस पर कोई भी शत्रु प्रभावी नहीं हो सकता।

उसके शत्रु हजारों प्रयास करें, कई तरह की तांत्रिक अभिचार क्रियायें करवा कर उसे परास्त करने का प्रयत्न करें, लेकिन हनुमत कृपा से वह उस साधक का कुछ भी नहीं बिगाड़ पाते हैं। ऐसे हनुमत साधक को भूत, प्रेतादि का डर भी नहीं रहता।

सभी अशरीरी आत्माओं की शक्ति उसके सामने आते ही कमजोर पड़ जाती है। बुरे ग्रहों का प्रभाव भी हनुमत साधना से समाप्त हो जाता है। ज्योतिष शास्त्र में शनि ग्रह को सबसे पापी और संताप देने वाला ग्रह माना गया है।

इसलिये शनि के प्रकोप से कोई नहीं बच पाता। वक्री शनि की दृष्टि, शनि की ढैय्या, शनि की साढ़ेसाती का प्रभाव तो इतना आक्रांत करता है कि इस अवधि में व्यक्ति महल से उजड़ कर सीधे सड़कों पर आ जाता है। असाध्य व्याधियों के रूप में शारीरिक एवं मानसिक पीड़ा देने में भी ऐसा शनि पीछे नहीं रहता । पारिवारिक कलह का कारण भी ऐसा शनि ही बनता है।

यह आश्चर्यजनक बात है कि जिस शनि के प्रताप से व्यक्ति कांप जाता है, वह शनि स्वयं हनुमानजी से भय खाते हैं। इसलिये बहुत से ज्योतिषी अपने यजमानों को शनि के पापी प्रभाव से बचने के लिये हनुमान जी की पूजा-अर्चना करने का परामर्श देते हैं। नियमित रूप से हनुमानजी के मंदिर में जाकर हनुमत कृपा प्राप्त करने का आग्रह करते हैं।

अधिकांश शनि पीड़ित लोगों को हनुमानजी की पूजा-अर्चना का फल शीघ्र ही मिल जाता है। दक्षिण भारत के तमिलनाडू राज्य में अम्बपुर नामक एक प्रसिद्ध स्थान है। उस स्थान पर हनुमानजी के उग्र स्वभाव ( उग्र हनुमान) की स्थापना की गई है। यहां हनुमानजी उग्र आवेश में आकर शनि को अपने पैरों में दबाये हुये हैं। अन्यत्र कहीं भी हनुमानजी के उग्र स्वरूप की स्थापना नहीं की गई है।

विश्व भर में यही एकमात्र ऐसा स्थान है, जहां हनुमानजी के विकराल स्वरूप की पूजा-अर्चना की जाती है। मानसिक रूप से कमजोर, मंदबुद्धि और मानसिक व्याधियों से पीड़ित चल रहे लोगों के लिये हनुमान जी की साधना संजीवनी बूटी से कम नहीं होती । हनुमानजी की नियमित साधना, उपासना से शीघ्र ही मानसिक परेशानियों का समाधान हो जाता है तथा साधक स्वयं के अन्दर संतोष, शांति एवं स्फूर्ति का अनुभव करने लग जाता है।

विभीषणकृत हनुमद्ववडवानल स्तोत्रम Hanuman Vadvanal Stotra :

बडवानल वन में लगी भीषण अग्नि को कहा जाता है। यह अनि थोड़े समय में ही विशाल वन को नष्ट करने की सामर्थ्य रखती है। जिस प्रकार ग्रीष्म ऋतु के दौरान वन में वृक्षों के परस्पर घर्षण से उत्पन्न हुई छोटी सी चिंगारी शीघ्र ही भीषण अग्नि का रूप धारणकर लेती है

और जंगल में चहुं ओर फैल कर समस्त जीव-जन्तुओं को पीड़ित करने लगती है, बडवानल की इस तपस से जंगल के जीव-जन्तु ही नहीं, बल्कि सभी तरह की वनस्पतियां तक समाप्त होने लग जाती हैं, ठीक वैसे ही हनुमानजी के इस हनुमद्ववडवानल नामक स्तोत्र के नियमित पठन-पाठन से अनेक प्रकार के संताप स्वतः ही समाप्त होते चले जाते हैं।

हनुमत स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra का प्रभाव

अरिष्टकारक ग्रहों के दोषों को शांत करने, शत्रुओं के संताप से बचने, असाध्य रोगों के चंगुल में फंसने से बचने, भूत-प्रेत आदि के भय से मुक्त रहने के साथ-साथ मानसिक व्याधियों के समाधान के लिये भी किया जाता है। यह हनुमत स्तोत्र जीवन में असमय उत्पन्न होने वाली अनेक प्रकार की भीषण समस्याओं से बचने के लिये बहुत प्रभावशाली सिद्ध होता है।

इसके नियमित पाठ से हनुमानजी की अनुकम्पा सदैव अपने साधक पर बनी रहती है। इसलिये ऐसे साधकों को अपने जीवन में किसी तरह का भय नहीं सताता।

हनुमानजी की साधना हनुमद्ववडवानल स्तोत्र के द्वारा किसी हनुमानजी के मंदिर में हनुमानजी की प्रतिमा के सामने बैठकर की जा सकती है अथवा अपने घर पर भी हनुमानजी की प्रतिमा स्थापित करके इसका प्रयोग किया जा सकता है।


हनुमान वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra हनुमत अनुष्ठान

हनुमत अनुष्ठान के लिये हनुमान प्रतिमा पर गन्धादि चढ़ाने, उन्हें चूरमे का नैवेद्य अर्पित करने एवं उनके सामने घी का दीपक जलाकर रखना ही पर्याप्त होता है। इसी से हनुमानजी प्रसन्न हो जाते हैं। अगर हनुमत अनुष्ठान के दौरान प्रत्येक मंगलवार के दिन हनुमानजी के मंदिर में जाकर अथवा घर में स्थापित की गई मिट्टी की हनुमान प्रतिमा पर घी – सिन्दूर का चौला चढ़ा दिया जाये, साथ ही हनुमानजी पर लौंग, सुपारी, पान के पांच पत्ते, चांदी के पांच वर्क चढ़ाकर उन्हें धूप, दीप करने के साथ पुष्पों की माला अर्पित करके नैवेद्य चढ़ाया जाये, तत्पश्चात् हनुमद्ववडवानल स्तोत्र के 51 पाठ पूरे कर लिये जायें, तो साधक को सहज ही अनेक फलों की प्राप्ति हो जाती है।


साधक की अनेक प्रकार की अभिलाषायें भी पूर्ण होने लगती हैं। इस संक्षिप्त अनुष्ठान के द्वारा साधक की आर्थिक समस्यायें धीरे-धीरे दूर होने लगती हैं। धन प्राप्ति के नये स्रोत खुलने लगते हैं। हनुमद्ववडवानल स्तोत्र का तांत्रिक अनुष्ठान भी है। हनुमानजी के तांत्रिक स्तोत्र की रचना लंकाधिपति एवं रावण के लघुभ्राता व भगवान श्रीराम के परम् भक्त विभीषण के द्वारा की गई है।

रावण स्वयं तो अपने समय का प्रकांड विद्वान था ही, उसके भाई और पुत्र भी अनेक विद्याओं में पारंगत थे। रावण ने सभी शास्त्रों का गहन अध्ययन किया था। तंत्र, ज्योतिष और कर्मकाण्ड, पूजा-पद्धति का भी रावण सर्वश्रेष्ठ ज्ञाता था। इसी प्रकार रावण का लघुभ्राता विभीषण भी तंत्र विद्या का श्रेष्ठ विद्वान था । उसने तंत्र से संबंधित अनेक साधनाओं को सिद्ध किया था, साथ ही अपनी क्षमताओं के बल पर अनेक तांत्रिक साधनाओं को संकलित कर उन्हें जनोपयोगी बनाया था।

हनुमद्ववडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra नामक इस विशिष्ट रचना का सूत्रपात विभीषण के द्वारा ही किया गया है। इस स्तोत्र के पीछे एक कथा है। ऐसा विश्वास किया जाता है कि जब राम-रावण का युद्ध समाप्त हो गया, भगवान राम अपने भाई लक्ष्मण, माँ सीता एवं वानर – भालुओं की अपनी सेना के साथ लंका से वापिस अयोध्या चले गये, तो विभीषण अपने आराध्य देव भगवान राम के विछोह को सहन नहीं कर सके।

विभीषण अपने समस्त परिवार की असमय मृत्यु के कारण एकाएक गंभीर मानसिक संताप की स्थिति में चले गये । विभीषण की वह हालत दयनीय रूप धारण करती जा रही थी। इसी समय एक रात्रि को उन्हें स्वप्न में शिव के दर्शन हुये। भगवान शिव ने उसे हनुमान जी की शरण में जाने और उनसे  अपने घर पर अथवा किसी एकान्त स्थान पर बैठकर भी सम्पन्न किया जा सकता है।

हनुमान वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra तांत्रिक साधना  प्रयोग  विधि विधान सहित 

इसके लिये घर में एक एकांत कक्ष की व्यवस्था कर लें ताकि अनुष्ठान में और इसकी पूरी अवधि तक कक्ष में आपके अतिरिक्त किसी अन्य का प्रवेश नहीं हो। कक्ष को धो-पौंछ कर गंगाजल छिड़क कर पवित्र कर लें। पूर्व अथवा दक्षिण की तरफ बैठकर अपने सामने एक चौकी (बाजोट) स्थापित करें। उस पर लाल रंग का सवा मीटर वस्त्र चार तह करके बिछायें।

उस पर मिट्टी की हनुमान प्रतिमा स्थापित करें। अगर हनुमान प्रतिमा बनाना संभव न हो तो यह बाजार से बनी बनाई भी प्राप्त की जा सकती है। इसकी ऊंचाई छ: इंच से अधिक नहीं होनी चाहिये। अब सर्वप्रथम घी – सिंदूर का चौला चढ़ायें। दीपक प्रज्ज्वलित करें। धूप-अगरबत्तियां जलायें ताकि वातावरण सुगंधमय हो जाये । पुष्प एवं नैवेद्य अर्पित करके पूजा करें।

यह सब करते हुये हनुमान के नाम का मानसिक जाप करते रहें । पूजा विधान के पश्चात् एक सुपारी पर रोली लपेट कर एवं कुंकुम आदि का टीका लगाकर श्री गणेशाय नमः मंत्र का एकादश जाप कर हनुमानजी के पास स्थापित कर दें। फिर अपने दाहिने हाथ में जल, अक्षत, पुष्प लेकर निम्न विनियोग करें।

Hanuman Vadvanal Stotra विनियोग : ॐ अस्य श्री हनुमद्ववडवानल स्तोत्र मंत्रस्य श्रीरामचन्द्र ऋषिः श्री वडवानल हनुमान देवता मम समस्त रोगप्रशमनार्थ आयुरारोग्यैश्वर्याभिवृद्धयर्थं समस्तपापक्षयार्थं श्री सीताराम चन्द्रपीत्यर्थं हनुमद्ववडवानलस्तोत्र पाठे विनियोगः ।

मंत्र बोल कर अपनी अंजलि को खोल कर जल को चौकी के नीचे अपने सामने पृथ्वी पर गिरा दें। आगे लिखे मंत्र का सात बार उच्चारण करते हुये सिन्दूर का एक घेरा अपने चारों ओर रक्षाकवच के रूप में खींच लें। हनुमानजी से सम्बन्धित ऐसे तांत्रिक अनुष्ठानों में | आत्मरक्षा के लिये रक्षा कवच खींच लेना अति आवश्यक है।

हनुमानजी का रक्षा मंत्र इस प्रकार है

हनुमते रुद्रात्मकाय हूं फट् इसके उपरान्त एक त्रिकोणाकृति का हवन कुण्ड निर्मित करके अथवा किसी मिट्टी के पात्र में ग्यारह आम की लकड़ियां, तीन पीपल की लकड़ियां और तीन उपामार्ग की लकड़ियां रखकर अग्नि को प्रज्ज्वलित करें तथा हनुमानजी के उपरोक्त मंत्र के द्वारा ही 21 आहुतियां देकर स्तोत्र पाठ करें।

हवन में आहुति प्रदान करने के लिये लोबान, कपूर, अगर, तगर, पीली सरसों, पारिजात के पुष्प, सुगन्धबाला, श्वेत चंदन, रक्त चंदन का बुरादा, भूतकेशी की जड़, घी आदि का मिश्रण तैयार कर लें। हनुमद्ववडवानल स्तोत्र का पाठ करते इसे इसक हनुमानजी से अपनी प्रार्थना करें कि उनके दुःख, दर्द को शीघ्रताशीघ्र मिटा मनोकामना को पूर्ण करें।

तत्पश्चात् हनुमानजी की आज्ञा प्राप्त करके उनके निम्न

हनुमान वडवानल स्तोत्र का पाठ शुरू कर दें। प्रत्येक दिन साधक को इस स्तोत्र की 21 आवृत्तियां पूरी करने का विधान है। यद्यपि इनकी संख्या को गुरु आज्ञा से घटाया बढ़ाया जा सकता है। 21 आवृत्तियां पूर्ण होने के पश्चात् भी अग्नि को उपरोक्त मंत्र से पुनः 21 आवृत्तियां प्रदान करनी होती है।


हनुमान वडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotraहिंदी में 

नुमान वडवानल Hanuman Vadvanal Stotra स्तोत्र संस्कृत– ॐ ह्रां ह्रीं ॐ नमो भगवते श्री महाहनुमते प्रकट पराक्रम सकलिदड्मण्डलयशोवितानधवली कृत जगत्त्रितय वज्रदेह रुद्रावतार लंकापुरीदहन उमाअमल मंत्र उदधि बन्धन दशशिरः कृतान्तक सीताश्वसन वायुपुत्र अन्जनीगर्भसंभूत श्रीरामलक्षणणा नन्दकर कपिसैन्य प्राकार सुग्रीवसाहारण्यपर्वतोत्पादन कुमारब्रह्मचारिन् गंभीर नाद सर्वपापग्रहवारण सर्वज्वरोच्चाटन डाकिनीविध्वसंन ॐ ह्रां ह्रीं ॐ नमो भगवते महावीर वीराय सर्वदुःखनिवारणाय ग्रहमण्डल सर्वभूतमण्डल सर्वपिशचमण्डलोच्चाटान भूतज्वर एकाहिक ज्वर द्वाहिक ज्वर त्र्याहिक ज्वर चातुर्थिक ज्वर संताप ज्वर विषम ज्वर ताप ज्वर माहेश्वरवैष्णव ज्वरान् छिन्धि छिन्धि यक्ष ब्रह्मराक्षस भूतप्रेतपिशाचान् उच्चाटाय उच्चाटय ॐ ह्रां ह्रीं श्रीं ॐ नमो भगवते श्री महाहनुमते ॐ ह्रां ह्रीं ह्रूं है ह्रौं ह्रः आं हां हां हां हां औं सौं एहि एहि एहि एहि ॐ हं ॐ हं ॐ हं ॐ नमो भगवते श्रीमहाहनुमते श्रवण चक्षुर्भूतानां शाकिनी डाकिनीनां विषमदुष्टांसर्वविषं हरहरआकाशभुवनं भेदय छेदय छेदय मारय मारय शोषय शोषय मोहय मोहय ज्वालय ज्वालय प्रहारय प्रहारय सकलमायां भेदय भेदय ॐ ह्रां ह्रीं ॐ नमो भगवते महाहनुमते सर्वग्रहोच्चाटन परबलं शोभय सकल बन्धन मोक्षणं कुरू कुरू शिरः शूल गुल्मशूल सर्वशूलात्रिर्मूलय निर्मूलय नागपाशानन्त वासुकितक्षक कर्कोटककालियान् यक्षकुल जगत रात्रिंचरदिवाकर सर्वान्नि विंषिं कुरू कुरू स्वाहा । राजभय चोरभय परमंत्र परयंत्र परतंत्र परविद्याश्छेदय छेदय स्वमंत्र स्वयंत्र स्वतंत्र स्वविद्या: प्रकटय प्रकटय सर्वारिष्टान्नाशयनाशय सर्वशत्रुन्नाशय नाशय असाध्यं साधय साधय हुं फट् स्वाहा ॥


स्तोत्र समाप्त होने तथा हनुमते रुद्रात्मकाय हूं फट् की 21 आहुतियां अग्नि को समर्पित करने के पश्चात् हनुमानजी के सामने एक बार पुनः ध्यानमग्न हो जायें तथा मन ही मन अपनी प्रार्थना को दोहराते रहें। तत्पश्चात् हनुमानजी से आज्ञा प्राप्त करके आसन से उठ जायें। हनुमानजी को समर्पित किये गये नैवेद्य का थोड़ा सा अंश स्वयं ग्रहण कर लें तथा शेष प्रसाद को घर, पड़ौस के लोगों में वितरित करवा दें। इस हनुमत अनुष्ठान प्रयोग के दौरान कुछ विशेष बातों का भी ध्यान रखना पड़ता है।

एक तो पूरे अनुष्ठानकाल के दौरान ब्रह्मचर्य व्रत का पालन करें। दूसरे, इस अवधि में तामसिक आहार जैसे मांस, मछली, मदिरा, प्याज, लहसुन आदि के सेवन से दूर रहें। तीसरे, इस अनुष्ठान को लाल रंग के आसन पर बैठकर और लाल ही रंग के वस्त्र पहन कर करना होता है । अगर लाल रंग के वस्त्र पहनने में परेशानी आये तो एक लाल रंग का जनेऊ गले में धारण किया जा सकता है अथवा लाल रंग की लंगोट पहनी जा सकती है । इसके अतिरिक्त पूरे अनुष्ठान काल में भूमि पर ही सोना चाहिये ।

यह हनुमत अनुष्ठान 31 दिन का है। यद्यपि इसे तीन महीने या अधिक समय तक भी जारी रखा जा सकता। पूरे अनुष्ठान के दौरान साधना का क्रम पहले दिन की भांति रखना होता है। मंदिर में प्रत्येक मंगलवार के दिन अथवा घर में प्रतिदिन हनुमान प्रतिमा को घी – सिन्दूर का चोला चढ़ायें। धूप, दीप, पुष्प, नैवेद्य से पूजा करें। तत्पश्चत् विनियोग, रक्षा कवच के बाद हवन कुण्ड में उपरोक्त मंत्र की 21 आहुतियां प्रदान करें तथा हनुमद्ववडवानल स्तोत्र का अभीष्ट संख्या में पाठ करें।

पाठ की समाप्ति भी पूर्ववत 21 आहुतियां, प्रार्थना एवं हनुमत आज्ञा के साथ ही करें। इस तरह आपका यह हनुमत अनुष्ठान आगे बढ़ता रहता है। इस दौरान आपको कई तरह के अनुभव भी मिल सकते हैं। स्वप्न में आपको कई तरह की आकृतियां दिखाई पड़ सकती हैं। कई तरह के दृश्य दिखाई दे सकते हैं। कई तरह की अद्भुत एवं रोमांच पैदा करने वाली आवाजें सुनाई पड़ सकती है ।

अन्ततः आपका यह अनुष्ठान सम्पन्न हो जाये, तो उस दिन सवा किलो आटे का विशेष चूरमा या रोट तैयार करके हनुमानजी को प्रसाद चढ़ायें। हनुमानजी के सामने पांच घी के दीपक जलायें। हनुमान जी की प्रतिमा पर सामर्थ्य अनुसार वस्त्र चढ़ायें। अनुष्ठान उपरांत पूजा में प्रयुक्त की गई समस्त सामग्री को जल में प्रवाहित करवा दें।

हनुमान जी को अर्पित किये गये ग्यारह सप्तमुखी रुद्राक्ष माला को अपने पूजास्थल में रख दें। इस रुद्राक्ष माला के अलग-अलग कार्यों के निमित्त अलग-अलग उपयोग किये जाते हैं। जैसे कि मानसिक व्याधि से पीड़ित लोगों को अनुष्ठान उपरांत यह रुद्राक्ष माला स्वयं अपने गले में धारण करनी पड़ती है, जबकि अपने परिवार, घर अथवा ऑफिस आदि पर कराये गये तांत्रोक्त प्रयोग को समाप्त करने के लिये इस रुद्राक्ष माला को मुख्यद्वार के बाहर चौखट के बाहर किसी गुप्त स्थान पर रखना होता है।

हनुमानजी का यह स्तोत्र बहुत ही अद्भुत है। इस अनुष्ठान को सम्पन्न करने से शारीरिक, मानसिक निरोगता को प्राप्त किया जा सकता है। इसके अलावा भौतिक सुखों के साथ-साथ आध्यात्मिक लक्ष्यों को भी पाया जा सकता है। अगर किसी व्यक्ति को इस अनुष्ठान को किसी कारणवश स्वयं सम्पन्न करने में किसी प्रकार की समस्या आये तो उसके स्थान पर परिवार का कोई अन्य सदस्य भी इसे सम्पन्न कर सकता है अथवा इस अनुष्ठान को सम्पन्न कराने के लिये किसी विद्वान आचार्य की मदद ली जा सकती है।

यद्यपि हनुमद्ववडवानल स्तोत्र Hanuman Vadvanal Stotra के संबंध में एक विशेष बात और भी देखने में आयी है कि अगर इस स्तोत्र का नियमित पूजा-अर्चना के रूप में भी हनुमानजी के मंदिर जाकर अथवा उनकी प्रतिमा अथवा चित्र के सामने बैठ कर सात, पांच, तीन अथवा ग्यारह बार पाठ करते रहा जाये तो भी इसके चमत्कारिक लाभ साधक को प्राप्त होते रहते हैं।

ऐसे साधकों को न कभी आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ता है और न ही उन्हें किसी प्रकार के रोग सता पाते हैं। ऐसे साधक भूत-पिशाच आदि के संताप से भी बचे रहते हैं ।

CATEGORIES

यह साधना भी पढ़े नीचे  दिए  गए लिंक से

प्राचीन चमत्कारी उच्छिष्ट गणपति शाबर साधना Uchchhishta Ganapati  Sadhna  PH. 85280 57364

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

नाथ पंथ की महागणपति प्रत्यक्षीकरण साधना भगवान गणेश के दर्शन के लिए ph.85280 57364

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra

प्राचीन प्रत्यंगिरा साधना Pratyangira Sadhana Ph.85280 57364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Hanuman Sadhana प्राचीन रहस्यमय हनुमान साधना विधि विधान सहित ph. 85280 57364

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Lakshmi Sadhna आपार धन प्रदायक लक्ष्मी साधना Ph.8528057364

Narsingh Sadhna – भगवान प्राचीन नृसिंह साधना PH.8528057364

चमत्कारी वीर बेताल साधना – Veer Betal sadhna ph .8528057364

Panchanguli – काल ज्ञान देवी पंचांगुली रहस्य विस्तार सहित Ph. 85280 57364

Veer Bulaki Sadhna – प्राचीन रहस्यमय वीर बुलाकी साधना PH.85280 57364

चमत्कारी प्राचीन लोना चमारी साधना शाबर मंत्र lona chamari ph.85280 57364

sham Kaur Mohini माता श्याम कौर मोहिनी की साधना और इतिहास -ph.85280 57364

Masani Meldi माता मेलडी मसानी प्रत्यक्ष दर्शन साधना और रहस्य ph. 85280 57364

Lama Tibet Tantra लामा तिब्बत तंत्र का वशीकरण साधना

नाहर सिंह वीर परतक्षीकरण साधना nahar singh veer sadhana ph.85280 – 57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

भुवनेश्वरी साधना महाविद्या साधना रहस्य (Bhuvaneshvari Mahavidya MANTRA TANTRA SADHBNA)

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

कमला महाविद्या साधना ( करोड़पति बनने की साधना ) साधना अनुभव के साथ kamala mahavidya mantra

baglamukhi sadhna प्राचीन शक्तिशाली मां बगलामुखी साधना ph.85280 57364

प्राचीन चमत्कारी ब्रह्मास्त्र माता बगलामुखी साधना अनुष्ठान Ph. 85280 57364

रंभा अप्सरा साधना और अनुभव rambha apsara sadhna ph.8528057364

urvashi apsara sadhna उर्वशी अप्सरा साधना एक चनौती PH. 85280 57364

अप्सरा साधना और तंत्र apsara sadhna aur tantra

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

(अप्सरा साधना के लाभ ) अप्सरा साधना का हमारे जीवन मे महत्व (Benefits of Apsara ) Our life of Apsara is

अप्सरा साधना में आहार कैसा होना चाहिए   apsara mantra sadhna

उर्वशी अप्सरा साधना प्रत्यक्षीकरण urvashi apsara pratyaksh sadhana mantra vidhi ph.85280

 yakshini sadhana

rakta chamunda रक्तचामुण्डा यक्षिणी सब से तीव्र वशीकरण साधना Ph.85280 57364

तुलसी यक्षिणी साधना tulsi yakshini sadhana

कनक यक्षिणी साधना प्रत्यक्षीकरण kanak yakshini sadhna ph. 85280 57364

पीपल यक्षिणी वशीकरण साधना pipal yakshini sadhana ph. 85280 57364

 त्रिकाल ज्ञान साधना

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Panchanguli sadhana – चमत्कारी प्राचीन त्रिकाल ज्ञान पंचांगुली साधना रहस्य ph.85280 57364

vartali devi sadhana वार्ताली देवी साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना ph. 85280 -57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

सात्विक सौम्य करन पिशाचिनी साधना भूत भविष्य वर्तमान की जानकारी के लिए karna pishachini sadhana

hanumat Margdarshan sadhna हनुमत मार्गदर्शन साधना

maa durga Trikal gyan sadhna माँ दुर्गा त्रिकाल ज्ञान सध्ना

काला इल्म इल्म और काला जादू

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

काला जादू black magic क्या है? और इस के क्या रहस्य है PH.8528057364

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

यंत्र मंत्र तंत्र ज्ञान

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Khetarpal Sadhna खेत्रपाल साधना और खेत्रपाल रहस्य कौन है

यह तंत्र साधना कभी न करे एक शादीशुदा साधक tantra sadhana

मायावी विद्या और कृष्ण के पौत्र के माया से अपहरण mayavi vidya ph.85280

इस्‍माइल जोगी का परिचय Introduction to Ismail Jogi

maran aadi mantra Prayogo me savdhaniya मारणादि मंत्र प्रयोगों में सावधानियां

vashikaran uchatan akarshan mantra paryogo savdhani वशीकरण, उच्चाटन,आकर्षणादि मन्त्र

Trikal gyan varahi sadhna त्रिकाल ज्ञान वाराही

Taratak Meditation kundalini jagarn karni ke pahile seedhee त्राटक ध्यानकुण्डलिनी जागरण करने 

mantra Tantra khatkarm मंत्र तंत्र षट्कर्म Ph 85280 57364

Tantra wikipedia

MUSLIM sadhna

प्राचीन चमत्कारी मुवक्किल muwakkil साधना रहस्यph.85280 57364

Muslim sadhna मनवांछित इस्लामिक शक्ति को सिद्ध करने की साधना ph.85280 57364

sulemani panch peer sadhna सुलेमानी पाँच पीर साधना

Khabees – खबीस शैतान का सम्पूर्ण जानकारी- कैसा होता है

ख्वाजा पीर जी की साधना Khawaja Peer Sadhana

Sifli ilm सिफली इलम रहस्य हिंदी में विस्तार सहित ph.85280 57364

Tilasmi paryog ख़्वाजा तिलस्मी प्रयोग से त्रिकाल ज्ञान ph. 8528057364

Tantra English

Kamakhya Sindoor: History, Benefits, and Uses

Kamakhya Devi – A Journey Through the Mystical Temple of the Mother Goddess

What is Tantra?

Significance of wealth in life Maha lakshmi Sadhana ph.8528057364

mantra tantra education and guru knowledge

Is Tantra a Rapid Path to Self-Realization

what is Mantra Tantra Shastra?

Milarepa- The Great Tibetan Tantric & His Enlightenment

A Man Who Learnt a Magical Secret Mantra Secret Mantra

Relationship between Kundalini Tantra Yantra,Mantra

How is Aghori Tantra Mantra Sadhana?

Tantra Mantra education is not pornography and sexy science

Difference between Beej mantras and Tantric mantras and how to use them

Social media link

 guru  mantra  sadhna  Facebook  page 

 guru  mantra  sadhna  facebook  group

 guru  mantra  sadhna  youtube

 guru  mantra  sadhna   WordPress  

 guru  mantra  sadhna  LinkedIn

 guru  mantra  sadhna   email

 guru  mantra  sadhna  qoura

other links

best web hosting 

best domain  company 

best translate  tool

best news  website  

best singer

best mobile phone company

best  bank

best  shopping website 

best  laptop  company 

the best place in India

my  WordPress  use plugin

Ad Invalid Click Protector (AICP)

Rank Math SEO

Ad Invalid Click Protector

Advanced Editor Tools

Classic Editor

Clear Sucuri Cache

Easy Table of Contents

Featured Image from URL (FIFU)

Jetpack

Rank Math SEO

Webpushr Push Notifications

WordPress Automatic Plugin

WP Permalink Translator


guru mantra sadhna pages

 guru  mantra  sadhna Disclaimer

 guru  mantra  sadhna  Privacy Policy

 guru  mantra  sadhna  Terms and Conditions

 guru  mantra  sadhna  Contact

Cookies Policy

Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल PH.85280 57364

No Comments
Nav Durga Sadhna

Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि

स्पैशल 

Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल  नवरात्रि एक प्रमुख हिंदू त्यौहार है जो माता दुर्गा के नव रूपों  की  पूजा और भक्ति के लिए शुभ समय है। इस अवसर पर नवदुर्गा साधना Nav Durga Sadhna  का एक विशेष महत्व है जो हिंदू धर्म और धार्मिक शुभ महूर्त  में से  एक महत्वपूर्ण स्थान रखता है। नवदुर्गा Nav Durga Sadhna साधना साधकों को ध्यान, धारणा और धर्मिक अनुभव की गहराई में ले जाता है और एक आत्मिक अनुभव प्रदान करता है। इस लेख में, हम नवदुर्गा साधना  Nav Durga Sadhna के रहस्य, महत्व, तारीका, लाभ और सावधानियों पर  चर्चा  करेंगे। 

 

नवदुर्गाओं  Nav Durga  के सम्बन्ध में ऋषि मार्कण्डेय प्रदत्त भगवती पुराण अर्थात् दुर्गा सप्तशती में स्पष्ट उल्लेख करते हुये लिखा है- प्रथमं शैलपुत्री च द्वितीयं ब्रह्मचारिणी । तृतीयं चन्द्रघण्टेति कूष्माण्डेति चतुर्थकम् ॥ पंचमं स्कन्दमातेति षष्ठं कात्यायनाति च । सप्तमं कालरात्रीति महागौरीति चाष्टमम् ॥ नवमं सिद्धिरात्री च नवदुर्गा प्रकीर्तिताः । ‘ऽक्तान्येतानि नामानि ब्रह्मणेन महात्मना ॥

चन्द्रघण्टा देवी का उपासना मंत्र:- चन्द्रघण्टा देवी का उपासना मंत्र इस प्रकार है:- पिण्डज प्रवरारूढ़ा चण्डकोपास्त्रकैर्युता । प्रसादं तनुते मह्नं चन्द्रघण्टेति विश्रुता ॥

चतुर्थ रात्रि पूजा : माँ भगवती के चतुर्थ स्वरूप का नाम कूष्माण्डा है । अपनी मंद, हल्की मुस्कान द्वारा अखण्ड ब्रह्माण्ड को उत्पन्न करने के कारण इन्हें कूष्माण्डा नाम दिया गया है । जब सृष्टि अस्तित्व में नहीं आयी थी, सर्वत्र घोर अन्धकार व्याप्त था, तब इन्हीं देवी ने हर्षित हास्ययुक्त खेल ही खेल में इस ब्रह्माण्ड की रचना की थी ।

अतः यही सृष्टि का आदि स्वरूप आद्यशक्ति है। भगवद् पुराण में माँ का निवास सूर्यमण्डल के अन्दर बताया गया है। इसलिये ये अत्यन्त, दिव्य तेज युक्त हैं । इनका तेज दसों दिशाओं में व्याप्त रहता है। माँ कूष्माण्डा का स्वरूप अष्टभुजा युक्त माना गया है । इनके आठों हाथों में क्रमशः धनुष बाण, कमण्डल, कमल, अमृत कलश, गदा और चक्र एवं जप माला सुशोभित रहती है। माँ का वाहन सिंह है ।

माँ का यह स्वरूप विद्या, बुद्धि, विवेक, त्याग, वैराग्य के साथ-साथ अजेयता का प्रतीक है । इसलिये जो साधक माँ की शरण में आकर उनकी कृपा दृष्टि प्राप्ति कर लेता है, उसके शारीरिक, मानसिक और भौतिक, सभी दुःखों का अन्त हो जाता है।

साधक को रोग-शोक से छुटकारा मिलता है तथा उसके आरोग्य एवं यश में निरन्तर वृद्धि होती चली जाती है। । तांत्रिकों की दूसरी विद्या में कूष्माण्डा नामक इस आदिशक्ति का निवास अनाहत चक्र में माना गया है। अनाहत चक्र की स्थिति छाती के मध्य हृदय स्थल पर मानी गयी है। 

अतः अनाहत चक्र की जाग्रति से ही साधक स्थूल शरीर की चेतना का परित्याग करके आत्मिक शरीर के स्तर में प्रविष्ट होता है । यह एक तरह से साधक का आध्यात्मिक धरातल पर पुनर्जन्म होता है। माँ कूष्माण्डा का उपासना मंत्र:- माँ कूष्माण्डा का उपासना मंत्र इस प्रकार है:- सुरासम्पूर्ण कलशं : रुधिराप्लुतमेव च । दधाना हस्तपद्माभ्यां कूष्माण्डा शुभदास्तु मे ॥

पंचम रात्रि पूजा : नवरात्रियों में पांचवीं रात्रि को भगवती के पांचवें स्वरूप स्कन्दमाता की पूजा- अर्चना करने का विधान है। माँ शैलपुत्री का विवाह शिवजी के साथ हो जाने के पश्चात् स्कन्द कुमार (इन्हें कार्तिकेय भी कहा जाता है) का जन्म हुआ । प्रसिद्ध देवासुर संग्राम के समय यही स्कन्द देवताओं के सेनापति बने थे। पुराणों में इन्हें कुमार और शक्तिधर कहकर इनकी बड़ी महिमा कही गयी है । इनका वाहन मयूर कहा जाता है ।

इन्हीं स्कन्द अर्थात् आसुरी शक्तियों का नाश करने हेतु एवं अपने साधकों का कल्याण करने व धर्म की पुनर्स्थापना के लिये भगवती दुर्गा अपनी अनन्त, आलौकिक शक्तियों के साथ समय-समय पर विभिन्न स्वरूपों में अवतरित होती हैं। माँ के उपरोक्त नौ स्वरूप भी उनमें से ही हैं।

माँ के इन स्वरूपों की साधना-उपासना करके माँ का आशीर्वाद सहज ही प्राप्त किया जा सकता है। जीवन में विशेष रूप से माँ की आराधना अगर नवरात्रों में की जाये तो वांछित फल प्राप्त होने के साथ-साथ मनोकामनायें भी पूर्ण होती हैं ।

समस्याओं से सहज ही छुटकारा पाते हुये सभी सुखों का आनन्द लिया जा सकता है। 70 नवरात्रि के अवसर पर इन्हीं नौ स्वरूपों की साधना का विधान रहा है । इनकी साधना की दो परम्पराएं रही हैं। साधना का एक स्वरूप तंत्र साधकों के निमित्त है, जबकि दूसरा स्वरूप आम साधकों के लिये है ।

यहां नवदुर्गाओं के इसी सहज साधना के रूप पर प्रकाश डाला जा रहा है। आम साधकों के लिये तो नवरात्रि के अवसर पर प्रत्येक रात्रि क्रमशः एक – एक स्वरूप की आराधना का विधान है ।

माँ की यह आराधना प्रत्येक दिन व्रत रख कर अथवा शुद्ध- सात्विक भावना बनाये रखकर एवं कंजक पूजन साथ सम्पन्न होती है । के नवरात्रियों में नवदुर्गा के नौ रूपों की उपासाना का विधान अग्रांकित क्रम से रहता है-


 1. प्रथम रात्रि   Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना

 

 पूजा प्रथम रात्रि को भगवती दुर्गा के प्रथम स्वरूप शैलपुत्री की आराधना की जाती है। पर्वत राज हिमालय की पुत्री होने के कारण इनका नाम शैलपुत्री पड़ा है। इन्हीं का एक अन्य नाम सती भी है। यह वृष पर सवार रहती हैं । इनके दायें हाथ में त्रिशूल तथा बायें हाथ में कमल पुष्प सुशोभित रहता है ।

माँ का यह स्वरूप अनंत शक्तियों का प्रतीक है । तंत्र की एक अन्य पद्धति में इन्हें ही कुण्डलिनी शक्ति का स्वरूप माना गया है, जो जन्म- जन्मान्तर से व्यक्ति के मूलाधार चक्र पर सुषुप्तावस्था में निष्क्रिय रहती है, लेकिन जाग्रत होने पर उसे असीम क्षमताओं से सम्पन्न कर देती है ।

प्रथम नवरात्रि को माँ के इस स्वरूप की पूजा दुःख, दरिद्रता से मुक्ति पाने एवं विवाह आदि की बाधाओं को दूर करने के लिये की जाती है ।

 Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल
Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल

शैलपुत्री की उपासना का मंत्र – शैलपुत्री की उपासना का मंत्र इस प्रकार है- वन्दे वाञ्छितलाभाय चन्द्रधकृतशेखराम्। वृषारूढां शूलधरां शैलपुत्री यशस्विनीम् ॥


2. द्वितीय रात्रि पूजा  Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना

: दूसरी नवरात्रि को भगवती दुर्गा द्वितीय स्वरूप के रूप में ब्रह्मचारिणी की आराधना की जाती है। ब्रह्मचारिणी शब्द का अर्थ है पूर्णत्व के साथ सद् आचरण करने वाली। यह सदैव तपस्या में लीन रहती हैं । इसलिये इनकी शरण में जाने व इनकी आराधना करने से साधक में तप, त्याग, वैराग्य के साथ-साथ संयम व सदाचरण का भाव बढ़ता है तथा साधक मुक्ति की अवस्था का लाभ प्राप्त करता है ।

 Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल
Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल

तंत्र साधना की हठयोग परम्परा से ब्रह्मचारिणी का स्थान स्वाधिष्ठान चक्र पर माना गया है । इसलिये इस चक्र के जागरण से साधक में विद्या, बुद्धि व ज्ञान की वृद्धि होती है। ब्रह्मचारिणी देवी का स्वरूप अत्यन्त तेजमय है । इनके दायें हाथ में जप की माला तथा बायें हाथ में कमण्डल है ।

इस स्वरूप का भी यही भाव है कि माँ ज्ञान के सर्वोच्च शिखर को प्राप्त कर चुकी है । भगवद् पुराण में आया है कि माँ ने नारद `के परामर्श से भगवान शिव को पति रूप में प्राप्त करने के लिये घोर तपस्या की थी । इसी से देवताओं को राक्षसों के अत्याचार एवं संताप से मुक्ति प्राप्त हो पायी थी ।

माँ के इस स्वरूप की जो साधक विधिवत पूजा-अर्चना करता है, निश्चित ही माँ उसकी समस्त बाधाएं दूर कर देती हैं । उस साधक को फिर सर्वत्र विजय प्राप्त होती है ।

 

ब्रह्मचारिणी देवी का उपासना मंत्र :- ब्रह्मचारिणी देवी का उपासना मंत्र इस प्रकार है :- दधाना करपद्माभ्यामक्ष माला कमंडलू | देवी प्रसीदतु मयि ब्रह्मचारिण्यनुत्तम ॥


3.तृतीय रात्रि पूजा : Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना

माँ भगवती की तीसरी शक्ति का नाम चन्द्रघण्टा है । इनके मस्तिष्क में घण्टे की आकार की अर्द्धचन्द्राकृति झलकती रहती है, इसलिये इन्हें चन्द्रघण्टा कहा जाता है।

नवरात्रि उपासना में तीसरी रात्रि चन्द्रघण्टा की रहती है । अतः तृतीय नवरात्रि को इन्हीं के विग्रह की पूजा-अर्चना की जाती है। इनके शरीर का रंग स्वर्ण की भांति कांतिमय है ।

इनके तीन नेत्र व दस हाथ हैं। इनके दसों हाथों में क्रमश: खड्ग, शस्त्र, बाण आदि अनेक शस्त्र सुशोभित रहते हैं। माँ चन्द्रघण्टा सिंह पर सवारी करती हैं। माँ का यह स्वरूप परम् शांतिदायक और कल्याणप्रद तो है ही, इनके वीर भाव को भी प्रकट करता है ।

 Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल
Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल

इसलिये इनके सामने से सभी राक्षस भाग खड़े होते हैं। इसी तरह जो साधक माँ का कृपापात्र बन जाता है, उसके जीवन में फिर किसी तरह का अभाव नहीं रहता । वह समस्त सुखों को सहज ही प्राप्त कर लेता है ।

तांत्रिकों की एक अन्य परम्परा में माँ चन्द्रघण्टा का स्थान मणिपुर चक्र पर माना गया है। अतः जब तंत्र के अभ्यास से व्यक्ति की शक्ति मणिपुर चक्र पर आकर उसे जाग्रत करने लगती है, तो सहज ही उस साधक को अनेक अलौकिक शक्तियां प्राप्ति होने लगती हैं ।

चन्द्रघण्टा देवी का उपासना मंत्र:- चन्द्रघण्टा देवी का उपासना मंत्र इस प्रकार है:- पिण्डज प्रवरारूढ़ा चण्डकोपास्त्रकैर्युता । प्रसादं तनुते मह्नं चन्द्रघण्टेति विश्रुता ॥


4. चतुर्थ रात्रि पूजा Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना

: माँ भगवती के चतुर्थ स्वरूप का नाम कूष्माण्डा है । अपनी मंद, हल्की मुस्कान द्वारा अखण्ड ब्रह्माण्ड को उत्पन्न करने के कारण इन्हें कूष्माण्डा नाम दिया गया है । जब सृष्टि अस्तित्व में नहीं आयी थी, सर्वत्र घोर अन्धकार व्याप्त था, तब इन्हीं देवी ने हर्षित हास्ययुक्त खेल ही खेल में इस ब्रह्माण्ड की रचना की थी ।

 Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल
Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल

अतः यही सृष्टि का आदि स्वरूप आद्यशक्ति है। भगवद् पुराण में माँ का निवास सूर्यमण्डल के अन्दर बताया गया है। इसलिये ये अत्यन्त, दिव्य तेज युक्त हैं । इनका तेज दसों दिशाओं में व्याप्त रहता है। माँ कूष्माण्डा का स्वरूप अष्टभुजा युक्त माना गया है । इनके आठों हाथों में क्रमशः धनुष बाण, कमण्डल, कमल, अमृत कलश, गदा और चक्र एवं जप माला सुशोभित रहती है। माँ का वाहन सिंह है

। माँ का यह स्वरूप विद्या, बुद्धि, विवेक, त्याग, वैराग्य के साथ-साथ अजेयता का प्रतीक है । इसलिये जो साधक माँ की शरण में आकर उनकी कृपा दृष्टि प्राप्ति कर लेता है, उसके शारीरिक, मानसिक और भौतिक, सभी दुःखों का अन्त हो जाता है।

 

साधक को रोग-शोक से छुटकारा मिलता है तथा उसके आरोग्य एवं यश में निरन्तर वृद्धि होती चली जाती है। । तांत्रिकों की दूसरी विद्या में कूष्माण्डा नामक इस आदिशक्ति का निवास अनाहत चक्र में माना गया है। अनाहत चक्र की स्थिति छाती के मध्य हृदय स्थल पर मानी गयी है। ।

अतः अनाहत चक्र की जाग्रति से ही साधक स्थूल शरीर की चेतना का परित्याग करके आत्मिक शरीर के स्तर में प्रविष्ट होता है । यह एक तरह से साधक का आध्यात्मिक धरातल पर पुनर्जन्म होता है। माँ कूष्माण्डा का उपासना मंत्र:- माँ

कूष्माण्डा का उपासना मंत्र इस प्रकार है:- सुरासम्पूर्ण कलशं : रुधिराप्लुतमेव च । दधाना हस्तपद्माभ्यां कूष्माण्डा शुभदास्तु मे ॥


5. पंचम रात्रि पूजा :Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना

नवरात्रियों में पांचवीं रात्रि को भगवती के पांचवें स्वरूप स्कन्दमाता की पूजा- अर्चना करने का विधान है। माँ शैलपुत्री का विवाह शिवजी के साथ हो जाने के पश्चात् स्कन्द कुमार (इन्हें कार्तिकेय भी कहा जाता है) का जन्म हुआ ।

प्रसिद्ध देवासुर संग्राम के समय यही स्कन्द देवताओं के सेनापति बने थे। पुराणों में इन्हें कुमार और शक्तिधर कहकर इनकी बड़ी महिमा कही गयी है ।

 Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल
Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल

इनका वाहन मयूर कहा जाता है । इन्हीं स्कन्द तंत्र के दिव्य प्रयोग की माता होने के कारण भगवती के इस पंचम स्वरूप को स्कन्दमाता कहा गया । स्कन्दमाता चार भुजाओं वाली हैं। इनके दायें हाथ में कमल पुष्प है । ऊपर वाले बायें हाथ में भी कमल पुष्प है । बायां एक हाथ वरमुद्रा में है ।

माँ की गोद में स्कन्द बैठे हैं। माँ के तीन नेत्र हैं तथा माँ कमलासान पर आसीन हैं। माँ का यह स्वरूप बहुत ही अनुपम है। यह चारों पुरुषार्थों को एक साथ प्रदान करने वाला है । इसलिये माँ के इस स्वरूप की आराधना से साधकों को समस्त सुख सहज ही प्राप्त हो जाते हैं, वह आध्यात्मिक मार्ग पर भी तेजी से अग्रसर होता है ।

माँ के तंत्र विधान से चारों पुरुषार्थों को प्राप्त किया जा सकता है। 73 तंत्र साधना की एक अन्य पद्धति में स्कन्दमाता के रूप में इस आदिशक्ति की उपस्थिति विशुद्ध चक्र में मानी गयी है । विशुद्ध चक्र का केन्द्र कण्ठ में है, जहां से शक्ति आज्ञाचक्र और सहस्त्रार चक्र की ओर उर्ध्वगमन करती है ।

स्कन्दमाता का उपासना मंत्र :- स्कन्दमाता का उपासना मंत्र इस प्रकार : है:- सिंहासनगता नित्यं पद्माश्रित करद्वया । शभदास्तु सदां देवी स्कन्दमाता यशस्विनी ॥


6. छठवीं रात्रि पूजा  Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना

: नवरात्रियों में छठे दिन आदिशक्ति के छठे स्वरूप कात्यायनी की आराधना की जाती है। महर्षि कात्यायन की पुत्री रूप में जन्म लेने कारण माँ दुर्गा के इस स्वरूप का नाम कात्यायनी के रूप में विख्यात हुआ । ऐसी कथा है कि कत नामक एक महर्षि थे। उनके पुत्र ऋषि कात्य हुये ।

 Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल
Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल

इन्हीं कात्य के गोत्र में महर्षि कात्यायन का जन्म हुआ था। इन्होंने भगवती पराम्बा की उपासना करते हुये बहुत वर्षों तक साधना की । इनकी इच्छा थी कि उनके घर स्वयं माँ भगवती पुत्री के रूप में जन्म लेकर उन्हें कृतार्थ करें । इसलिये जगत जननी को उनके घर कात्यायनी के रूप में अवतरित होना पड़ा ।

माँ कात्यायनी के स्वरूप की आभा स्वर्णमयी है । यह तीन नेत्रों और चार भुजाओं वाली हैं। इनका दायां हाथ वर देने की मुद्रा में है । बायें हाथों में तलवार व कमल पुष्प सुशोभित हैं। माँ सिंह पर सवारी करती है ।

अपने भक्तों की सभी कामनाओं की पूर्ति करने वाली है। नवरात्रियों के छठवें दिन इनकी विशेष पूजा-अर्चना करने से साधक के समस्त दु:ख कष्ट दूर हो जाते हैं । ऐसा उल्लेख है कि द्वापर युग में ब्रज की गोपियों ने श्रीकृष्ण को पति स्वरूप में प्राप्त करने के लिये माँ के इसी रूप की आराधना की थी ।

तंत्र साधना की हठयोग पद्धति में आद्यशक्ति के इस स्वरूप का निवास भृकुटी के मध्य आज्ञा चक्र पर माना गया है । इसलिये तंत्र साधना में इस स्थान की जाग्रति से साधक का रूपान्तर होने लगता है तथा उसकी चेतना पराभौतिक जगत में प्रविष्ट कर जाती है ।

माँ कात्यायनी का उपासना मंत्र :- माँ कात्यायनी का उपासना मंत्र इस प्रकार है:- चन्द्रहासौ ज्वलकरा शार्दूलवरवाहना। कात्यायनी शुभं दधादेवी दानव धातिनी ||


7. सप्तम रात्रि पूजा :Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना

आद्यशक्ति के सप्तम स्वरूप की आराधना सप्तम नवरात्रि को की जाती है । माँ का सप्तम स्वरूप कालरात्रि के नाम से जाना जाता है । माँ का यह अद्भुत स्वरूप है । इनका रंग श्याम है। बाल बिखरे हुये हैं । यह त्रिनेत्रधारी एवं चतुर्भुजी हैं। इनके ऊपर उठे हुये दायें हाथ में तलवार है व दूसरा हाथ वर देने की मुद्रा में उठा हुआ है। बायें ऊपर वाले हाथ में लोहे का कांटा व नीचे वाले हाथ में कटार है ।

 Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल
Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल

माँ गदर्भ पर सवार रहती हैं । नासिका से ज्वाला निकलती रहती । गले में माला धारण किये रहती हैं। माँ सबको भयाक्रान्त रखने वाले काल को भी भय देने वाली है । इसलिये इन्हें कालरात्रि कहा जाता है 1 माँ का यह स्वरूप अत्यन्त विकराल है, पर वह अपने भक्तों के लिये बहुत सुकोमल स्वभाव रखती हैं ।

जो कोई भी व्यक्ति माँ की शरण में पहुंच जाता है, अपने उस भक्त को माँ हर संकट से उबारे रखती हैं। माँ की कृपा से साधक अपनी सभी आकांक्षाओं की पूर्ति कर लेता है ।

तंत्र साधना की एक अन्य पद्धति में माँ के इस स्वरूप का स्थान मस्तिष्क स्थित सहस्त्रार चक्र में माना गया है। जो तांत्रिक सहस्त्रार चक्र की जाग्रति कर लेता है, उसके सामने अनन्त संभावनाओं के द्वार खुलते चले जाते हैं । ऐसे साधक अष्ट सिद्धियां भी सहज से प्राप्त कर लेते हैं ।

माँ कालरात्रि की उपासना का मंत्र:– माँ कालरात्रि की उपासना का मंत्र इस प्रकार है :- चतुर्बाहु युक्तादेवी चन्द्रहासेन शोभिता । गदर्भे च समारूढ़ा कालरात्रि भयावहा ||


8 .अष्टम रात्रि पूजा :Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना

माँ भगवती की आठवीं शक्ति का नाम महागौरी है । यह गौर वर्णा हैं । माँ के इस गौरे रंग की उपमा शंख, चन्द्र और कुन्द के पुष्प से दी जाती है । माँ का रूप आठ वर्षीय कन्या जैसा है। इनके समस्त वस्त्र व आभूषण भी श्वेत रंगी हैं ।

 Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल
Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल

Image link 

त्रिनेत्री व चतुर्भुजी माँ की मुख मुद्रा शांत व सौम्य है, जिस पर बाल सुलभ मुस्कान झलकती रहती है । माँ का वाहन वृष है। इनका ऊपरी दायां हाथ वरमुद्रा में है । यह नीचे वाले हाथ में त्रिशूल धारण किये हुये हैं । इनके ऊपरी बायें हाथ में डमरू तथा नीचे वाले हाथ आशीर्वाद की मुद्रा में हैं ।

शिव को प्राप्त करने के लिये दीर्घ अवधि तक की साधना की थी । इस साधना से उन्हें महागौरव की प्राप्ति हुई थी । महागौरी की साधना से साधक का यश और प्रताप निरन्तर बढ़ता जाता है। भगवान शिव की कृपा भी इन पर निरन्तर बनी रहती है । मृत्यु उपरान्त इन्हें शिव तत्त्व की प्राप्ति होती है ।

महागौरी का उपासना मंत्र :- महागौरी का उपासना मंत्र इस प्रकार है:- – – श्वेते वृषे समारूढा श्वेताम्बरधरा शुचिः । महागौरी शुभं दद्यान्महादेव प्रमोददा ॥


 9 .नवम रात्रि पूजा Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना

 

: नवरात्रों की नवम रात्रि सिद्धिदात्री की रहती है । यह आद्यशक्ति माँ दुर्गा का नवम स्वरूप है। माँ सिद्धिदात्री अपने साधकों को समस्त रिद्धयां, सिद्धियां एवं लौकिक व परालौकिक सुखों को प्रदान करने वाली हैं। माँ के इस स्वरूप की साधना से अन्त में मोक्ष की प्राप्ति हो जाती है ।

 Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल
Nav Durga Sadhna नवदुर्गा साधना का रहस्य नवरात्रि स्पैशल

Image link 

माँ सिद्धिदात्री का स्वरूप चतुर्भुजी है जिनके दाहिने नीचे वाले हाथ में चक्र, ऊपर वाले हाथ में गदा तथा बायीं तरफ के नीचे वाले हाथ में शंख व ऊपरी हाथ में कमल पुष्प सुशोभित रहता है ।

माँ कमल पुष्प पर ही आसीन रहती हैं । माँ का यह स्वरूप समस्त लौकिक एवं परालौकिक सुखों को प्राप्ति कराने वाला है। तांत्रिकों की अन्य परम्परा में सिद्धिदात्री स्वरूप में माँ की साधना अष्टसिद्धियों अर्थात् अणिमा, महिमा, गरिमा, लघिमा, प्राप्ति, प्राकाम्य, ईशित्व और वशित्व की प्राप्ति के उद्देश्य के लिये भी की जाती है।

माँ सिद्धिदात्री का उपासना मंत्र:- माँ सिद्धिदात्री का उपासना मंत्र इस प्रकार है:- सिद्धगन्धर्वयक्षाद्यैर सुरैरमरैरपि । सेव्यमाना सदां भूयात् सिद्धिदा सिद्धिदायिनी ॥


अतः निश्चित रूप से कहा जा सकता है कि माँ भगवती के उपरोक्त नौ स्वरूपों की पूर्ण विधि-विधान से आराधना करने से सहज ही अपने समस्त कष्टों से छुटकारा पाया जा सकता है तथा अनेक प्रकार की मनोकामनाओं की प्राप्ति की जा सकती है। नवरात्रियों के दौरान इनकी विशेष पूजा-अर्चना का विधान प्राचीन समय से चला आ रहा है।

भगवती दुर्गा और उनके नौ रूपों की वैदिक आराधना और तांत्रिक अनुष्ठान भी सर्वत्र प्रसिद्ध रहे हैं। ऋषि मार्कण्डेय द्वारा संकलित किया गया भगवती चरित्र (दुर्गा) सप्तशती) तो बहुत ही अद्भुत है। इसमें भगवती के स्वरूपों, चरित्रों के साथ-साथ अनेक गूढ़ रहस्यों को एक जगह समाहित किया गया है ।

न रहस्यों के विषय में या तो स्वयं साधनारत होकर ही पूरी तरह से जाना जा सकता है या फिर गुरु कृपा से इनके रहस्य को समझना सम्भव है। साधारंण भक्तों के लिये तो यह तेरह अध्याय एवं 700 श्लोकों में संकलित किया गया एक काव्य भर ही है ।

यद्यपि प्राचीन समय से ही तंत्र साधना के विविध ग्रंथों में ऐसा भी उल्लेख किया जाता रहा है कि दुर्गा सप्तशती पाठ अथवा उसमें वर्णित किये देवी चरित्रों की विधिवत् साधना से भौतिक इच्छाओं के साथ परालौकिक अनुभवों को भी पाया जा सकता है । दुर्गा सप्तशती तंत्र साधना की कामधेनु है ।

CATEGORIES

यह साधना भी पढ़े नीचे  दिए  गए लिंक से

प्राचीन चमत्कारी उच्छिष्ट गणपति शाबर साधना Uchchhishta Ganapati  Sadhna  PH. 85280 57364

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

नाथ पंथ की महागणपति प्रत्यक्षीकरण साधना भगवान गणेश के दर्शन के लिए ph.85280 57364

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra

प्राचीन प्रत्यंगिरा साधना Pratyangira Sadhana Ph.85280 57364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Hanuman Sadhana प्राचीन रहस्यमय हनुमान साधना विधि विधान सहित ph. 85280 57364

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Lakshmi Sadhna आपार धन प्रदायक लक्ष्मी साधना Ph.8528057364

Narsingh Sadhna – भगवान प्राचीन नृसिंह साधना PH.8528057364

चमत्कारी वीर बेताल साधना – Veer Betal sadhna ph .8528057364

Panchanguli – काल ज्ञान देवी पंचांगुली रहस्य विस्तार सहित Ph. 85280 57364

Veer Bulaki Sadhna – प्राचीन रहस्यमय वीर बुलाकी साधना PH.85280 57364

चमत्कारी प्राचीन लोना चमारी साधना शाबर मंत्र lona chamari ph.85280 57364

sham Kaur Mohini माता श्याम कौर मोहिनी की साधना और इतिहास -ph.85280 57364

Masani Meldi माता मेलडी मसानी प्रत्यक्ष दर्शन साधना और रहस्य ph. 85280 57364

Lama Tibet Tantra लामा तिब्बत तंत्र का वशीकरण साधना

नाहर सिंह वीर परतक्षीकरण साधना nahar singh veer sadhana ph.85280 – 57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

भुवनेश्वरी साधना महाविद्या साधना रहस्य (Bhuvaneshvari Mahavidya MANTRA TANTRA SADHBNA)

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

कमला महाविद्या साधना ( करोड़पति बनने की साधना ) साधना अनुभव के साथ kamala mahavidya mantra

baglamukhi sadhna प्राचीन शक्तिशाली मां बगलामुखी साधना ph.85280 57364

प्राचीन चमत्कारी ब्रह्मास्त्र माता बगलामुखी साधना अनुष्ठान Ph. 85280 57364

रंभा अप्सरा साधना और अनुभव rambha apsara sadhna ph.8528057364

urvashi apsara sadhna उर्वशी अप्सरा साधना एक चनौती PH. 85280 57364

अप्सरा साधना और तंत्र apsara sadhna aur tantra

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

(अप्सरा साधना के लाभ ) अप्सरा साधना का हमारे जीवन मे महत्व (Benefits of Apsara ) Our life of Apsara is

अप्सरा साधना में आहार कैसा होना चाहिए   apsara mantra sadhna

उर्वशी अप्सरा साधना प्रत्यक्षीकरण urvashi apsara pratyaksh sadhana mantra vidhi ph.85280

 yakshini sadhana

rakta chamunda रक्तचामुण्डा यक्षिणी सब से तीव्र वशीकरण साधना Ph.85280 57364

तुलसी यक्षिणी साधना tulsi yakshini sadhana

कनक यक्षिणी साधना प्रत्यक्षीकरण kanak yakshini sadhna ph. 85280 57364

पीपल यक्षिणी वशीकरण साधना pipal yakshini sadhana ph. 85280 57364

 त्रिकाल ज्ञान साधना

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Panchanguli sadhana – चमत्कारी प्राचीन त्रिकाल ज्ञान पंचांगुली साधना रहस्य ph.85280 57364

vartali devi sadhana वार्ताली देवी साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना ph. 85280 -57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

सात्विक सौम्य करन पिशाचिनी साधना भूत भविष्य वर्तमान की जानकारी के लिए karna pishachini sadhana

hanumat Margdarshan sadhna हनुमत मार्गदर्शन साधना

maa durga Trikal gyan sadhna माँ दुर्गा त्रिकाल ज्ञान सध्ना

काला इल्म इल्म और काला जादू

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

काला जादू black magic क्या है? और इस के क्या रहस्य है PH.8528057364

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

यंत्र मंत्र तंत्र ज्ञान

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Khetarpal Sadhna खेत्रपाल साधना और खेत्रपाल रहस्य कौन है

यह तंत्र साधना कभी न करे एक शादीशुदा साधक tantra sadhana

मायावी विद्या और कृष्ण के पौत्र के माया से अपहरण mayavi vidya ph.85280

इस्‍माइल जोगी का परिचय Introduction to Ismail Jogi

maran aadi mantra Prayogo me savdhaniya मारणादि मंत्र प्रयोगों में सावधानियां

vashikaran uchatan akarshan mantra paryogo savdhani वशीकरण, उच्चाटन,आकर्षणादि मन्त्र

Trikal gyan varahi sadhna त्रिकाल ज्ञान वाराही

Taratak Meditation kundalini jagarn karni ke pahile seedhee त्राटक ध्यानकुण्डलिनी जागरण करने 

mantra Tantra khatkarm मंत्र तंत्र षट्कर्म Ph 85280 57364

Tantra wikipedia

MUSLIM sadhna

प्राचीन चमत्कारी मुवक्किल muwakkil साधना रहस्यph.85280 57364

Muslim sadhna मनवांछित इस्लामिक शक्ति को सिद्ध करने की साधना ph.85280 57364

sulemani panch peer sadhna सुलेमानी पाँच पीर साधना

Khabees – खबीस शैतान का सम्पूर्ण जानकारी- कैसा होता है

ख्वाजा पीर जी की साधना Khawaja Peer Sadhana

Sifli ilm सिफली इलम रहस्य हिंदी में विस्तार सहित ph.85280 57364

Tilasmi paryog ख़्वाजा तिलस्मी प्रयोग से त्रिकाल ज्ञान ph. 8528057364

Tantra English

Kamakhya Sindoor: History, Benefits, and Uses

Kamakhya Devi – A Journey Through the Mystical Temple of the Mother Goddess

What is Tantra?

Significance of wealth in life Maha lakshmi Sadhana ph.8528057364

mantra tantra education and guru knowledge

Is Tantra a Rapid Path to Self-Realization

what is Mantra Tantra Shastra?

Milarepa- The Great Tibetan Tantric & His Enlightenment

A Man Who Learnt a Magical Secret Mantra Secret Mantra

Relationship between Kundalini Tantra Yantra,Mantra

How is Aghori Tantra Mantra Sadhana?

Tantra Mantra education is not pornography and sexy science

Difference between Beej mantras and Tantric mantras and how to use them

Social media link

 guru  mantra  sadhna  Facebook  page 

 guru  mantra  sadhna  facebook  group

 guru  mantra  sadhna  youtube

 guru  mantra  sadhna   WordPress  

 guru  mantra  sadhna  LinkedIn

 guru  mantra  sadhna   email

 guru  mantra  sadhna  qoura

other links

best web hosting 

best domain  company 

best translate  tool

best news  website  

best singer

best mobile phone company

best  bank

best  shopping website 

best  laptop  company 

the best place in India

my  WordPress  use plugin

Ad Invalid Click Protector (AICP)

Rank Math SEO

Ad Invalid Click Protector

Advanced Editor Tools

Classic Editor

Clear Sucuri Cache

Easy Table of Contents

Featured Image from URL (FIFU)

Jetpack

Rank Math SEO

Webpushr Push Notifications

WordPress Automatic Plugin

WP Permalink Translator


guru mantra sadhna pages

 guru  mantra  sadhna Disclaimer

 guru  mantra  sadhna  Privacy Policy

 guru  mantra  sadhna  Terms and Conditions

 guru  mantra  sadhna  Contact

Cookies Policy

marriage of son बेटा के शीघ्र विवाह के लिए उपाय ph. 8528057364

No Comments
marriage of son बेटा के शीघ्र विवाह के लिए उपाय ph. 8528057364

marriage of son बेटा के शीघ्र विवाह के लिए उपाय ph. 8528057364

marriage of son बेटा के शीघ्र विवाह के लिए उपाय ph. 8528057364

photo  downlod

marriage of son बेटा के शीघ्र विवाह के लिए उपाय ph. 8528057364 : आज के समय में कन्याओं के माता-पिता को ही नहीं, बल्कि पढ़े-लिखे, नौकरी करने वाले युवकों के माता-पिता को भी अपने पुत्रों के विवाह के मामले में परेशान होना पड़ रहा है। बहुत से युवकों का बड़े प्रयास के उपरांत लम्बे समय तक विवाह सम्पन्न नहीं हो पाता। marriage of son

पढ़े-लिखे और अच्छी नौकरी अथवा व्यवसाय होने के उपरान्त भी ऐसे युवकों को 35-40 वर्ष तक भी कुंवारेपन का सामना करना पड़ता है। युवकों के वैवाहिक विलम्ब के पीछे भी लगभग वैसे ही कारण जिम्मेदार देखे जाते हैं, जैसे कि कन्याओं के मामले में पाये जाते हैं लेकिन इनके मामले में भी यह देखा गया है कि कुछ विशिष्ट तांत्रोक्त उपायों के प्रयोगों से विवाह बाधा की समस्या दूर हो जाती है तथा शीघ्र ही घर में मांगलिक कार्य सम्पन्न होने की आशा बन जाती है । marriage of son

 

marriage of son  बेटा के शीघ्र विवाह के लिए उपाय इस प्रकार 

marriage of son बेटा के शीघ्र विवाह के लिए उपाय इस प्रकार 
marriage of son बेटा के शीघ्र विवाह के लिए उपाय इस प्रकार

इस तांत्रोक्त अनुष्ठान को किसी भी कृष्णपक्ष की अष्टमी तिथि के दिन से शुरू किया जा सकता है । यह अनुष्ठान भी कुल 41 दिन का है। अनुष्ठान के सम्पन्न होते-होते लड़के के रिश्ते के बारे में रुकी हुई बात फिर से होने लग जाती है। अगर इस अनुष्ठान को किसी देवी मंदिर में बैठकर अथवा शिवालय में बैठकर सम्पन्न किया जा सके, तो इसका परिणाम शीघ्र ही मिलता है । इस अनुष्ठान को घर पर भी सम्पन्न किया जा सकता है । marriage of son

 

इस अनुष्ठान की सबसे मुख्य बात यह है कि मंदिर जाकर देवी प्रतिमा अथवा शिव-पार्वती को अष्टगंध युक्त टीका लगाकर उनका अक्षत, पुष्पमाला, धूप, दीप, कपूर से पूजन करें। सामर्थ्य हो तो देवी प्रतिमा को वस्त्र अर्पित करें अन्यथा उन पर चुनरी चढ़ायें | गुड़ का नैवेद्य लगाकर किसी गाय को खिला दें।  marriage of son

घर पर अनुष्ठान को सम्पन्न करते समय अपने पूजास्थल पर घट की स्थापना घट पर श्रीफल की स्थापना करें । श्रीफल को चुनरी चढ़ायें तथा उसके सामने घी का दीपक जलाकर मन ही मन माँ के सामने प्रार्थना करें तथा शीघ्र गृहस्थ का सुख प्रदान कराने का अनुरोध करें। तत्पश्चात निम्न मंत्र की तीन मालाएं अथवा एक माला जाप करें :- स देवि नित्यं परितप्यमान, स्त्वामेव सीतेल्यभिभाषमाणः ।  marriage of son

दृढ़ व्रतो राज सुतो महात्मा, तवैव लाभाय कृत प्रयत्नः ॥ मंत्र- यह वाल्मीक रामायण का मंत्र है जो अत्यन्त अद्भुत और प्रभावशाली है। मंत्रजाप के दौरान अखण्ड घी का दीपक जलते रहना चाहिये । मंत्रजाप स्वयं अपने मस्तक पर अष्टगंध का लेप लगाकर करना चाहिये । श्रीफल को भी प्रतिदिन अष्टगंध का लेप करना चाहिये।  marriage of son

यह तांत्रिक अनुष्ठान 41वें दिन पूर्ण हो जाता है । अत: उस दिन मंत्रजाप सम्पन्न होने के पश्चात् सम्पूर्ण पूजा समाग्री को किसी नदी में प्रवाहित कर देना चाहिये अथवा भूमि में गड्ढा खोद कर दबा देना चाहिये । अनुष्ठान उपरांत स्वयं अपने मस्तक पर अष्टगंध का टीका लगाकर रखना चाहिये । marriage of son

इसके प्रयोग से साधक में सम्मोहन शक्ति विकसित होती है तथा किसी अज्ञात शक्ति की प्रेरणा से प्रत्येक व्यक्ति, चाहे वह पुरुष हो या स्त्री, कारोबारी या व्यवसायी हो अथवा अपरिचित ग्राहक, साधक से मेल-जोल बढ़ाने का प्रयास करने लगता है ।  marriage of son

इस अनुष्ठान से शीघ्र ही विवाह कार्य सम्पन्न हो जाता है, साथ ही यह अनुष्ठान संतान प्राप्ति हेतु भी चमत्कारिक सिद्ध होता है । इस अनुष्ठान के दौरान एक विशेष बात का भी ध्यान रखना चाहिये कि घट स्थापना के बाद साधक के अतिरिक्त किसी अन्य व्यक्ति को न तो उसका स्पर्श करना चाहिये और न ही उसे अपने स्थान से हटाना चाहिये । उसका विस्थापन अनुष्ठान समाप्ति के पश्चात् ही होना चाहिये । घट पर रजस्वला स्त्री की छाया भी नहीं पड़े, इसका विशेष ध्यान रखना चाहिये।  marriage of son

#शीघ्र विवाह के लिए चौपाई
#शीघ्र विवाह के लिए मंत्र
#शीघ्र विवाह के लिए उपाय
#कन्या के शीघ्र विवाह के लिए उपाय
#शीघ्र विवाह के लिए उपाय
#बेटा के शीघ्र विवाह के लिए उपाय
#शीघ्र विवाह के लिए अपनाएं ये टोटके
#शीघ्र विवाह के अचूक टोटके लाल किताब
#विवाह के लिए अनुष्ठान

CATEGORIES

यह साधना भी पढ़े नीचे  दिए  गए लिंक से

प्राचीन चमत्कारी उच्छिष्ट गणपति शाबर साधना Uchchhishta Ganapati  Sadhna  PH. 85280 57364

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

नाथ पंथ की महागणपति प्रत्यक्षीकरण साधना भगवान गणेश के दर्शन के लिए ph.85280 57364

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra

प्राचीन प्रत्यंगिरा साधना Pratyangira Sadhana Ph.85280 57364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Hanuman Sadhana प्राचीन रहस्यमय हनुमान साधना विधि विधान सहित ph. 85280 57364

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Lakshmi Sadhna आपार धन प्रदायक लक्ष्मी साधना Ph.8528057364

Narsingh Sadhna – भगवान प्राचीन नृसिंह साधना PH.8528057364

चमत्कारी वीर बेताल साधना – Veer Betal sadhna ph .8528057364

Panchanguli – काल ज्ञान देवी पंचांगुली रहस्य विस्तार सहित Ph. 85280 57364

Veer Bulaki Sadhna – प्राचीन रहस्यमय वीर बुलाकी साधना PH.85280 57364

चमत्कारी प्राचीन लोना चमारी साधना शाबर मंत्र lona chamari ph.85280 57364

sham Kaur Mohini माता श्याम कौर मोहिनी की साधना और इतिहास -ph.85280 57364

Masani Meldi माता मेलडी मसानी प्रत्यक्ष दर्शन साधना और रहस्य ph. 85280 57364

Lama Tibet Tantra लामा तिब्बत तंत्र का वशीकरण साधना

नाहर सिंह वीर परतक्षीकरण साधना nahar singh veer sadhana ph.85280 – 57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

भुवनेश्वरी साधना महाविद्या साधना रहस्य (Bhuvaneshvari Mahavidya MANTRA TANTRA SADHBNA)

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

कमला महाविद्या साधना ( करोड़पति बनने की साधना ) साधना अनुभव के साथ kamala mahavidya mantra

baglamukhi sadhna प्राचीन शक्तिशाली मां बगलामुखी साधना ph.85280 57364

प्राचीन चमत्कारी ब्रह्मास्त्र माता बगलामुखी साधना अनुष्ठान Ph. 85280 57364

रंभा अप्सरा साधना और अनुभव rambha apsara sadhna ph.8528057364

urvashi apsara sadhna उर्वशी अप्सरा साधना एक चनौती PH. 85280 57364

अप्सरा साधना और तंत्र apsara sadhna aur tantra

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

(अप्सरा साधना के लाभ ) अप्सरा साधना का हमारे जीवन मे महत्व (Benefits of Apsara ) Our life of Apsara is

अप्सरा साधना में आहार कैसा होना चाहिए   apsara mantra sadhna

उर्वशी अप्सरा साधना प्रत्यक्षीकरण urvashi apsara pratyaksh sadhana mantra vidhi ph.85280

 yakshini sadhana

rakta chamunda रक्तचामुण्डा यक्षिणी सब से तीव्र वशीकरण साधना Ph.85280 57364

तुलसी यक्षिणी साधना tulsi yakshini sadhana

कनक यक्षिणी साधना प्रत्यक्षीकरण kanak yakshini sadhna ph. 85280 57364

पीपल यक्षिणी वशीकरण साधना pipal yakshini sadhana ph. 85280 57364

 त्रिकाल ज्ञान साधना

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Panchanguli sadhana – चमत्कारी प्राचीन त्रिकाल ज्ञान पंचांगुली साधना रहस्य ph.85280 57364

vartali devi sadhana वार्ताली देवी साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना ph. 85280 -57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

सात्विक सौम्य करन पिशाचिनी साधना भूत भविष्य वर्तमान की जानकारी के लिए karna pishachini sadhana

hanumat Margdarshan sadhna हनुमत मार्गदर्शन साधना

maa durga Trikal gyan sadhna माँ दुर्गा त्रिकाल ज्ञान सध्ना

काला इल्म इल्म और काला जादू

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

काला जादू black magic क्या है? और इस के क्या रहस्य है PH.8528057364

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

यंत्र मंत्र तंत्र ज्ञान

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Khetarpal Sadhna खेत्रपाल साधना और खेत्रपाल रहस्य कौन है

यह तंत्र साधना कभी न करे एक शादीशुदा साधक tantra sadhana

मायावी विद्या और कृष्ण के पौत्र के माया से अपहरण mayavi vidya ph.85280

इस्‍माइल जोगी का परिचय Introduction to Ismail Jogi

maran aadi mantra Prayogo me savdhaniya मारणादि मंत्र प्रयोगों में सावधानियां

vashikaran uchatan akarshan mantra paryogo savdhani वशीकरण, उच्चाटन,आकर्षणादि मन्त्र

Trikal gyan varahi sadhna त्रिकाल ज्ञान वाराही

Taratak Meditation kundalini jagarn karni ke pahile seedhee त्राटक ध्यानकुण्डलिनी जागरण करने 

mantra Tantra khatkarm मंत्र तंत्र षट्कर्म Ph 85280 57364

Tantra wikipedia

MUSLIM sadhna

प्राचीन चमत्कारी मुवक्किल muwakkil साधना रहस्यph.85280 57364

Muslim sadhna मनवांछित इस्लामिक शक्ति को सिद्ध करने की साधना ph.85280 57364

sulemani panch peer sadhna सुलेमानी पाँच पीर साधना

Khabees – खबीस शैतान का सम्पूर्ण जानकारी- कैसा होता है

ख्वाजा पीर जी की साधना Khawaja Peer Sadhana

Sifli ilm सिफली इलम रहस्य हिंदी में विस्तार सहित ph.85280 57364

Tilasmi paryog ख़्वाजा तिलस्मी प्रयोग से त्रिकाल ज्ञान ph. 8528057364

Tantra English

Kamakhya Sindoor: History, Benefits, and Uses

Kamakhya Devi – A Journey Through the Mystical Temple of the Mother Goddess

What is Tantra?

Significance of wealth in life Maha lakshmi Sadhana ph.8528057364

mantra tantra education and guru knowledge

Is Tantra a Rapid Path to Self-Realization

what is Mantra Tantra Shastra?

Milarepa- The Great Tibetan Tantric & His Enlightenment

A Man Who Learnt a Magical Secret Mantra Secret Mantra

Relationship between Kundalini Tantra Yantra,Mantra

How is Aghori Tantra Mantra Sadhana?

Tantra Mantra education is not pornography and sexy science

Difference between Beej mantras and Tantric mantras and how to use them

Social media link

 guru  mantra  sadhna  Facebook  page 

 guru  mantra  sadhna  facebook  group

 guru  mantra  sadhna  youtube

 guru  mantra  sadhna   WordPress  

 guru  mantra  sadhna  LinkedIn

 guru  mantra  sadhna   email

 guru  mantra  sadhna  qoura

other links

best web hosting 

best domain  company 

best translate  tool

best news  website  

best singer

best mobile phone company

best  bank

best  shopping website 

best  laptop  company 

the best place in India

my  WordPress  use plugin

Ad Invalid Click Protector (AICP)

Rank Math SEO

Ad Invalid Click Protector

Advanced Editor Tools

Classic Editor

Clear Sucuri Cache

Easy Table of Contents

Featured Image from URL (FIFU)

Jetpack

Rank Math SEO

Webpushr Push Notifications

WordPress Automatic Plugin

WP Permalink Translator


guru mantra sadhna pages

 guru  mantra  sadhna Disclaimer

 guru  mantra  sadhna  Privacy Policy

 guru  mantra  sadhna  Terms and Conditions

 guru  mantra  sadhna  Contact

Cookies Policy

माँ तारा कैंसर से मुक्ति साधना maa tara cancer mukti sadhna ph.85280 57364

No Comments
maa tara cancer mukti sadhna

माँ तारा कैंसर से मुक्ति साधना maa tara cancer mukti sadhna ph.85280 57364

 

large self adhesive uv coated high resolution vinyl print maa original imagfa55ybewzuf4 https://gurumantrasadhna.com/2023/page/10/

माँ तारा कैंसर से मुक्ति साधना maa tara cancer mukti sadhna स्वास्थ्य सम्बन्धी समस्यायें प्राचीन काल से ही मानव के साथ जुड़ी हुई हैं। प्रत्येक काल में उपलब्ध साधनों के द्वारा ही इनका उपचार किया जाता रहा है।

पहले वर्तमान समय के अनुसार रोगी को रोगमुक्त करने के लिये पर्याप्त सुविधायें नहीं थी। इसलिये तब रोगों को मंत्रजाप एवं विभिन्न अनुष्ठानों के माध्यम से दूर किया जाता था । आश्चर्य की तो यह है कि मंत्रजाप आदि से रोगी रोगों से मुक्त होकर स्वस्थ हो जाते थे, मंत्रजाप द्वारा रोगों से मुक्त होने की यह एक ऐसी विधा है जो हर काल और समय में प्रभावी रही है।

आज भी मंत्रजाप द्वारा सामान्य एवं जटिल रोगों से मुक्त होना सम्भव है। कैंसर तक के रोगी मंत्रजाप से स्वस्थ होते देखे गये हैं । इसमें आवश्यकता केवल इस बात की है कि अनुष्ठान एवं मंत्रजाप विद्वान आचार्य के दिशा-निर्देश में हो। मैं यहां कैंसर से मुक्ति के बारे में एक प्रयोग लिख रहा हूं।

इस अनुष्ठान के द्वारा कैंसर का रोगी ठीक हो जाता है। माँ तारा का यह अनुष्ठान भी 31 दिन का है । इस अनुष्ठान को सम्पन्न करने के लिये शुभ मुहूर्त में चांदी पर विधिवत् निर्मित तारा महाविद्या यंत्र, पंचमुखी लघु रुद्राक्ष माला, लौबान, केशर, पीली सरसों, सुपारी, लौंग, बेसन के लड्डू, ताम्र पात्र, पीले रंग के वस्त्र, पीले रंग का कम्बल आसन आदि वस्तुओं की आवश्यकता रहती है ।

माँ तारा कैंसर से मुक्ति साधना   विधि  maa tara cancer mukti sadhna

(तारा महाविद्या यंत्र  के लिए  फ़ोन करे 85280 57364 । ) यह अनुष्ठान शुक्लपक्ष की अष्टमी तिथि से शुरू किया जाना उचित होता है लेकिन अगर रोगी की हालत अधिक खराब हो तो इसे किसी भी मंगलवार के दिन से भी प्रारम्भ किया जा सकता है। अनुष्ठान के लिये प्रातःकाल का समय उपयुक्त रहता है । इस अनुष्ठान को सम्पन्न कराने के लिये किसी योग्य विद्वान ब्राह्मण की मदद भी ली जा सकती है। ब्राह्मण को यह अनुष्ठान प्रात: 4 बजे के आसपास ही करना चाहिये।

अनुष्ठान को प्रारम्भ करने के लिये सबसे पहले आसन बिछाकर पश्चिम की तरफ मुंह करके बैठ जायें। अगर रोगी अनुष्ठान के दौरान उसी साधना कक्ष उपस्थित रहे तो अनुष्ठान का प्रभाव और भी बढ़ जाता है। अनुष्ठान कक्ष में रोगी की उपस्थिति अच्छी रहती है। अगर रोगी स्नान करने में सक्षम है तो स्नान करके अनुष्ठान कक्ष में बैठ सकता है। अक्षमता की स्थिति में हाथ, पांव तथा मुंहा का स्पंज स्नान किया जा सकता है।

यह इसलिये आवश्यक समझा जाता है कि अनुष्ठान में उच्चारित मंत्रों को रोगी सुन सके। अगर रोगी की अनुपस्थिति में अनुष्ठान किया जा रहा हो तो अनुष्ठान में उच्चारित मंत्रों को टेप कर लें। बाद में रोगी टेप चलाकर मंत्रोच्चारण को सुन सकता है। पर तारा महाविद्या यंत्र अनुष्ठान की शुरूआत लकड़ी की चौकी पर केसरी रंग का वस्त्र बिछाकर की जाती है। उस चौकी पर एक चांदी की प्लेट रखकर, उसमें केसर से त्रिकोण बनाकर उसमें तारा यंत्र को पंचामृत से स्नान करवाकर विधिवत् स्थापित किया जाता है।

इसके उपरान्त पीली सरसों की एक ढेरी बनाकर उसके ऊपर एक तांबे का पात्र रखा जाता है। उसमें थोड़ी सी पीली सरसों, पांच सुपारी, पांच लौंग, पांच बेसन के लड्डू, सप्तरंगी के थोड़े से पुष्प और तीन सप्तमुखी रुद्राक्ष रखे जाते हैं । इन तीनों रुद्राक्षों को अनुष्ठान शुरू करने से पहले रोगी के शरीर पर धारण कराया जाता है और अनुष्ठान समाप्त होने पर रोगी के शरीर से उतारकर तामपात्र में रख दिया जाता है।

पीली सरसों, सुपारी, लौंग, लड्डू, सप्तरंगी पुष्प आदि को भी रोगी के हाथों से स्पर्श करवाया जाता है। ताम्रपात्र की स्थापना के बाद उसके सामने गाय के घी का एक दीपक प्रज्ज्वलित कर रख दें। साथ ही शुद्ध लौबान का चूर्ण बनाकर उसी घी में मिला दें। शुद्ध लौबान के प्रयोग से शीघ्र ही साधना कक्ष सुगन्धित होने लग जाता है।

यदि रोगी साधना कक्ष में उपस्थित नहीं रह सकता तो उसके कक्ष में भी मंत्र पाठ सुनाने के दौरान इसी तरह का दीपक जलाकर रखने की व्यवस्था करनी पड़ती है । दीप और पात्र स्थापना के बाद यंत्र को 21 बार माँ के तांत्रोक्त मंत्र के साथ केसर तिलक अर्पित करना चाहिये और साथ ही बार – बार माँ का आह्वान करते रहना चाहिये।

माँ के आह्वान के बाद शुद्ध आचरण एवं पूर्ण भक्तिभाव युक्त होकर माँ के सामने अनुष्ठान के संकल्प को दोहराना चाहिये। फिर माँ की आज्ञा शिरोधार्य करके रुद्राक्ष माला से 21 मालाएं अग्रांकित मंत्र की जपनी चाहिये। मंत्र जाप पूर्ण हो जाने के उपरान्त 21 बार माँ के तांत्रोक्त स्तोत्र का पाठ भी करना चाहिये ।

स्तोत्र पाठ के बाद भी एक माला मंत्र जाप और करना चाहिये । मंत्रजाप और स्तोत्र पाठ पूर्णत: समर्पित भाव एवं श्रद्धा के साथ करना चाहिये । इस दौरान मंत्रजाप करने वाले ब्राह्मण की पूर्ण एकाग्रता अपने इष्ट पर बनी रहनी चाहिये। दीपक अखण्ड रूप से निरन्तर जलते रहना चाहिये ।

साधना कक्ष में किसी अन्य के आने पर पूर्णत: पाबन्दी रहनी चाहिये । यद्यपि इसमें रोगी को सुनाने के लिये मंत्रजाप और स्तोत्र पाठ को टेपरिकोर्डर में टेप करने के लिये एक व्यक्ति उपस्थित रह सकता है। इस प्रकार जब प्रथम दिन का मंत्रजाप और स्तोत्र पाठ पूर्ण हो जाये तो माँ के सामने एक बार पुनः अपने संकल्प को दोहराना चाहिये । माँ का आह्वान करते हुये उन्हें वापि अपने लोक को लौट जाने की प्रार्थना करें।

इसके उपरांत अपने आसन से उठना चाहिये। उठने के पश्चात् आसन को भी एक ओर उठा कर रख कर साधना कक्ष को बंद कर देना चाहिये। वैसे विधान तो यह है कि रात्री के समय भी माँ का आह्वान के साथ दीप प्रज्ज्वलित करके और आसन पर पुनः बैठकर एक माला मंत्रजाप एवं एक स्तोत्र पाठ पूरा करना चाहिये। पूरे अनुष्ठान के दौरान मंत्रजाप करने वाले ब्राह्मण को शुद्ध आचरण बनाये रखना चाहिये ।

अनुष्ठान का यह क्रम पूरे 31 दिन तक इसी प्रकार से बनाये रखें। इस दौरान प्रत्येक दिन प्रातःकाल यंत्र का पंचामृत से स्नान, केसर तिलक और दीप समर्पण, माँ का आह्वान एवं संकल्प क्रम को दोहरा कर मंत्रजाप व स्तोत्र पाठ करते रहना चाहिये। उसी प्रकार दिन के कार्यक्रम को विश्राम देना चाहिये।

इस दौरान प्रत्येक सातवें दिन ताम्रपात्र में भरी सामग्री को किसी केसरी वस्त्र में बांधकर सात ताजे बेसन लड्डू के साथ किसी भिखारी को दे दें अथवा वस्त्र एवं बेसन के लड्डू भिखारी को देकर शेष सामग्री को किसी बहते हुये जल में प्रवाहित कर दें ।

ताम्रपात्र को पुनः पहले की तरह ही उन्हीं सामग्रियों से भरकर यंत्र की बगल में स्थापित कर दें । 31वें दिन अनुष्ठान के पूर्ण होने की प्रक्रिया में मंत्रजाप और स्तोत्र पाठ पूर्ण करके और माँ के आह्वान के उपरान्त

परिवार एवं आस पड़ोस में माँ के प्रसाद के रूप में बेसन के लड्डू वितरण करवा देने चाहिये । पूजा सामग्री को पूर्णवत् किसी भिखारी अथवा बहते जल में पात्र एवं दीपक सहित ही प्रवाहित करवा देना चाहिये । माँ के यंत्र को अपने पूजास्थान पर स्थापित कर दें तथा रुद्राक्ष की माला को रोगी के गले में धारण करवा दें।

अनुष्ठान सम्पन्न होने पर ब्राह्मण देवता को भोजन करायें और दान-दक्षिणा देकर उन्हें प्रसन्नतापूर्वक विदाई दें। अनेक अवसरों पर इस अनुष्ठान के दौरान ही रोगी को लाभ मिलने लगता है। इस रोग के कारण रोगी के जो कष्ट निरन्तर बढ़ रहे होते हैं, उनका बढ़ता रुक जाता है और इसके बाद धीरे-धीरे रोगी स्वयं को पहले से अच्छा महसूस करने लगता है।

कुछ रोगियों को अनुष्ठान के 21वें दिन से लाभ मिलता देखा गया है। इसके बाद लाभ मिलने की कुछ धीमी होती है किन्तु रोगी का रोग धीरे-धीरे ही दूर होने लगता है।

इसमें सबसे बड़ी बात यह देखने में आती है कि जो दवायें अपना प्रभाव नहीं दे पा रही थी, अब उनका असर भी रोगी पर दिखाई देने लगता है। इसमें एक केस ऐसा देखने में आया जहां कैंसर के एक रोगी के बचने की आशा लगभग समाप्त हो गई थी। डॉक्टरों ने भी जवाब दे दिया था।

फिर एक परिचित द्वारा इस अनुष्ठान के बारे में जानकारी मिली। एक विद्वान आचार्य की देख-रेख में इस अनुष्ठान को करवाने का मन बना लिया। परिवार वालों ने यह अनुष्ठान केवल इसलिये करवाया कि चलो, अन्तिम प्रयास है, करके देख लेते हैं। बाद में इसी अनुष्ठान के कारण से रोगी के प्राणों की रक्षा हुई थी ।

विद्वान आचार्यों का मत है कि एक बार के अनुष्ठान से अगर लाभ का अंशमात्र भी दिखाई दे, तो आशा छोड़नी नहीं चाहिये। एक अनुष्ठान के बाद दूसरा अनुष्ठान भी करवाने का प्रयास करना चाहिये । यदि कोई साधक किसी गंभीर रोग से ग्रस्त है तो उसे उपरोक्त अनुसार अनुष्ठान सम्पन्न करना चाहिये ।

मेरा विश्वास है कि उसे अवश्य ही स्वास्थ्य की प्राप्ति होगी ।

 

माँ तारा कैंसर से मुक्ति साधना मंत्र maa tara cancer mukti sadhna  तारा का तांत्रोक्त मंत्र

 

: तारा माँ का तांत्रोक्त षडाक्षरी मंत्र निम्न प्रकार है- ऐं ॐ ह्रीं क्रीं हूँ फट् माँ का तांत्रोक्त स्तोत्र अन्यत्र देखा जा सकता है ।

 किसी भी प्रकार के तांत्रिक अनुष्ठानों की शुरूआत करने से पहले इस संबंध में विद्वान आचार्य से परामर्श अवश्य कर लेना चाहिये। किसी अनुष्ठान के लिये मंत्र का चुनाव अथवा स्तोत्र आदि का पाठन पुस्तकीय आधार पर स्वयं शुरू कर लेना खतरनाक सिद्ध हो सकता है । अत: इन्हें किसी आचार्य अथवा गुरु के माध्यम से ही ग्रहण करना चाहिये

 

 

CATEGORIES

यह साधना भी पढ़े नीचे  दिए  गए लिंक से

प्राचीन चमत्कारी उच्छिष्ट गणपति शाबर साधना Uchchhishta Ganapati  Sadhna  PH. 85280 57364

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

नाथ पंथ की महागणपति प्रत्यक्षीकरण साधना भगवान गणेश के दर्शन के लिए ph.85280 57364

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra

प्राचीन प्रत्यंगिरा साधना Pratyangira Sadhana Ph.85280 57364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Hanuman Sadhana प्राचीन रहस्यमय हनुमान साधना विधि विधान सहित ph. 85280 57364

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Lakshmi Sadhna आपार धन प्रदायक लक्ष्मी साधना Ph.8528057364

Narsingh Sadhna – भगवान प्राचीन नृसिंह साधना PH.8528057364

चमत्कारी वीर बेताल साधना – Veer Betal sadhna ph .8528057364

Panchanguli – काल ज्ञान देवी पंचांगुली रहस्य विस्तार सहित Ph. 85280 57364

Veer Bulaki Sadhna – प्राचीन रहस्यमय वीर बुलाकी साधना PH.85280 57364

चमत्कारी प्राचीन लोना चमारी साधना शाबर मंत्र lona chamari ph.85280 57364

sham Kaur Mohini माता श्याम कौर मोहिनी की साधना और इतिहास -ph.85280 57364

Masani Meldi माता मेलडी मसानी प्रत्यक्ष दर्शन साधना और रहस्य ph. 85280 57364

Lama Tibet Tantra लामा तिब्बत तंत्र का वशीकरण साधना

नाहर सिंह वीर परतक्षीकरण साधना nahar singh veer sadhana ph.85280 – 57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

भुवनेश्वरी साधना महाविद्या साधना रहस्य (Bhuvaneshvari Mahavidya MANTRA TANTRA SADHBNA)

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

कमला महाविद्या साधना ( करोड़पति बनने की साधना ) साधना अनुभव के साथ kamala mahavidya mantra

baglamukhi sadhna प्राचीन शक्तिशाली मां बगलामुखी साधना ph.85280 57364

प्राचीन चमत्कारी ब्रह्मास्त्र माता बगलामुखी साधना अनुष्ठान Ph. 85280 57364

रंभा अप्सरा साधना और अनुभव rambha apsara sadhna ph.8528057364

urvashi apsara sadhna उर्वशी अप्सरा साधना एक चनौती PH. 85280 57364

अप्सरा साधना और तंत्र apsara sadhna aur tantra

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

(अप्सरा साधना के लाभ ) अप्सरा साधना का हमारे जीवन मे महत्व (Benefits of Apsara ) Our life of Apsara is

अप्सरा साधना में आहार कैसा होना चाहिए   apsara mantra sadhna

उर्वशी अप्सरा साधना प्रत्यक्षीकरण urvashi apsara pratyaksh sadhana mantra vidhi ph.85280

 yakshini sadhana

rakta chamunda रक्तचामुण्डा यक्षिणी सब से तीव्र वशीकरण साधना Ph.85280 57364

तुलसी यक्षिणी साधना tulsi yakshini sadhana

कनक यक्षिणी साधना प्रत्यक्षीकरण kanak yakshini sadhna ph. 85280 57364

पीपल यक्षिणी वशीकरण साधना pipal yakshini sadhana ph. 85280 57364

 त्रिकाल ज्ञान साधना

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Panchanguli sadhana – चमत्कारी प्राचीन त्रिकाल ज्ञान पंचांगुली साधना रहस्य ph.85280 57364

vartali devi sadhana वार्ताली देवी साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना ph. 85280 -57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

सात्विक सौम्य करन पिशाचिनी साधना भूत भविष्य वर्तमान की जानकारी के लिए karna pishachini sadhana

hanumat Margdarshan sadhna हनुमत मार्गदर्शन साधना

maa durga Trikal gyan sadhna माँ दुर्गा त्रिकाल ज्ञान सध्ना

काला इल्म इल्म और काला जादू

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

काला जादू black magic क्या है? और इस के क्या रहस्य है PH.8528057364

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

यंत्र मंत्र तंत्र ज्ञान

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Khetarpal Sadhna खेत्रपाल साधना और खेत्रपाल रहस्य कौन है

यह तंत्र साधना कभी न करे एक शादीशुदा साधक tantra sadhana

मायावी विद्या और कृष्ण के पौत्र के माया से अपहरण mayavi vidya ph.85280

इस्‍माइल जोगी का परिचय Introduction to Ismail Jogi

maran aadi mantra Prayogo me savdhaniya मारणादि मंत्र प्रयोगों में सावधानियां

vashikaran uchatan akarshan mantra paryogo savdhani वशीकरण, उच्चाटन,आकर्षणादि मन्त्र

Trikal gyan varahi sadhna त्रिकाल ज्ञान वाराही

Taratak Meditation kundalini jagarn karni ke pahile seedhee त्राटक ध्यानकुण्डलिनी जागरण करने 

mantra Tantra khatkarm मंत्र तंत्र षट्कर्म Ph 85280 57364

Tantra wikipedia

MUSLIM sadhna

प्राचीन चमत्कारी मुवक्किल muwakkil साधना रहस्यph.85280 57364

Muslim sadhna मनवांछित इस्लामिक शक्ति को सिद्ध करने की साधना ph.85280 57364

sulemani panch peer sadhna सुलेमानी पाँच पीर साधना

Khabees – खबीस शैतान का सम्पूर्ण जानकारी- कैसा होता है

ख्वाजा पीर जी की साधना Khawaja Peer Sadhana

Sifli ilm सिफली इलम रहस्य हिंदी में विस्तार सहित ph.85280 57364

Tilasmi paryog ख़्वाजा तिलस्मी प्रयोग से त्रिकाल ज्ञान ph. 8528057364

Tantra English

Kamakhya Sindoor: History, Benefits, and Uses

Kamakhya Devi – A Journey Through the Mystical Temple of the Mother Goddess

What is Tantra?

Significance of wealth in life Maha lakshmi Sadhana ph.8528057364

mantra tantra education and guru knowledge

Is Tantra a Rapid Path to Self-Realization

what is Mantra Tantra Shastra?

Milarepa- The Great Tibetan Tantric & His Enlightenment

A Man Who Learnt a Magical Secret Mantra Secret Mantra

Relationship between Kundalini Tantra Yantra,Mantra

How is Aghori Tantra Mantra Sadhana?

Tantra Mantra education is not pornography and sexy science

Difference between Beej mantras and Tantric mantras and how to use them

Social media link

 guru  mantra  sadhna  Facebook  page 

 guru  mantra  sadhna  facebook  group

 guru  mantra  sadhna  youtube

 guru  mantra  sadhna   WordPress  

 guru  mantra  sadhna  LinkedIn

 guru  mantra  sadhna   email

 guru  mantra  sadhna  qoura

other links

best web hosting 

best domain  company 

best translate  tool

best news  website  

best singer

best mobile phone company

best  bank

best  shopping website 

best  laptop  company 

the best place in India

my  WordPress  use plugin

Ad Invalid Click Protector (AICP)

Rank Math SEO

Ad Invalid Click Protector

Advanced Editor Tools

Classic Editor

Clear Sucuri Cache

Easy Table of Contents

Featured Image from URL (FIFU)

Jetpack

Rank Math SEO

Webpushr Push Notifications

WordPress Automatic Plugin

WP Permalink Translator


guru mantra sadhna pages

 guru  mantra  sadhna Disclaimer

 guru  mantra  sadhna  Privacy Policy

 guru  mantra  sadhna  Terms and Conditions

 guru  mantra  sadhna  Contact

Cookies Policy

Cookies Policy

Tarapith Tantrik तारा पीठ के तंत्रोपासक भैरवानन्द जी महाराज ph.85280 57364

No Comments
item8 https://gurumantrasadhna.com/2023/page/10/

Tarapith Tantrik तारा पीठ के तंत्रोपासक भैरवानन्द जी महाराज  ph.85280 57364

Tarapith Tantrik तारा पीठ के तंत्रोपासक भैरवानन्द जी महाराज
Tarapith Tantrik तारा पीठ के तंत्रोपासक भैरवानन्द जी महाराज

Tarapith Tantrik तारा पीठ के तंत्रोपासक भैरवानन्द जी महाराज : बंगाल के प्राचीन तारा पीठ पर मेरे ऊपर भी एक महातांत्रिक की कृपा दृष्टि हुई थी। वह महातांत्रिक कामाख्या के पास रहते थे और वर्ष में कम से कम दो बार अपने साधना स्थल से निकल कर माँ तारा का आशीर्वाद लेने के लिये तारापीठ आया करते थे ।

इन्हें महातांत्रिक भैरवानंद Tarapith Tantrik  के नाम से जाना जाता है। बंगाल के दक्षिणेश्वर के पास बारह वर्ष तक उन्होंने अपने गुरु के सान्निध्य में रह कर कई तरह की तांत्रिक साधनाएं सम्पन्न की थी, लेकिन उनके गुरु अघोर पंथ से संबंध रखते थे। भैरवानंद  Tarapith Tantrik  का लक्ष्य तारा महाविद्या को सम्पूर्णता के साथ स्वयं में आत्मसात करना और तंत्र की उच्च सिद्धियां प्राप्त करना था । अपने मुख्य लक्ष्य के विषय में भैरवानंद जी ने कई बार अपने गुरु के सामने प्रकट भी किया, किन्तु उनके गुरु ने उनकी तरफ कोई ध्यान नहीं दिया।

फिर एक दिन अचानक उन्होंने गुरु आज्ञा लेकर दक्षिणेश्वर के अपने आश्रम का परित्याग कर दिया। बंगाल छोड़कर वह बनारस में रहने लगे, लेकिन वहां भी उनका मन नहीं लगा, तो वह बनारस से नेपाल चले गये । नेपाल में वह कई वर्ष तक रहे और इस दौरान उन्होंने कई तरह की साधनाएं सिद्ध की। नेपाल से आकर वह हिमाचल प्रदेश में कई वर्ष भटकते रहे तथा कई तांत्रिकों के साथ रहकर अपना अनुभव एवं ज्ञान बांटते रहे।

अन्ततः वह अपनी यात्रा के अन्त में कामाख्या के तंत्र क्षेत्र में पहुंच गये । कामाख्या में ही उनकी भेंट एक सिद्ध तारा साधक से हुई और उन्हीं के मार्गदर्शन में रहकर उन्होंने तारा महाविद्या को आत्मसात करने में सफलता प्राप्त की । तारा महाविद्या को पूर्णतः से सिद्ध करने में इस महातांत्रिक को सात वर्ष का समय लगा।

असम के कामाख्या क्षेत्र में तांत्रिक Tarapith Tantrik भैरवानन्द की इतनी प्रसिद्धि है कि उनकी एक झलक पाने के लिये लोग घंटों नहीं कई-कई दिनों तक इंतजार में बैठे रहते हैं, परन्तु . भैरवानन्द  Tarapith Tantrik मनमौजी तांत्रिक हैं। अपनी मर्जी से ही लोगों से भेंट करते हैं। उनकी मर्जी न हो तो, डांट-डपट कर अपने पास पहुंचे लोगों को दूर हटवा देते हैं अथवा स्वयं ही लोगों की भीड़ से बचने के लिये कुछ दिनों के लिये अन्यत्र किसी गुप्त स्थान पर चले जाते हैं।

सैंकड़ों लोगों के ऐसे अनुभव रहे हैं कि जिस किसी पर एक प्रसन्न होकर तांत्रिक भैरवानन्द Tarapith Tantrik  ने आशीर्वाद प्रदान कर दिया तो उस व्यक्ति का भाग्य स्वतः ही चमक जाता है । रातोंरात उस व्यक्ति की स्थिति में बदलाव आ जाता है, लेकिन हर किसी के भाग्य में किसी सिद्ध साधक का आशीर्वाद प्राप्त करना नहीं होता ।

 

CATEGORIES

यह साधना भी पढ़े नीचे  दिए  गए लिंक से

प्राचीन चमत्कारी उच्छिष्ट गणपति शाबर साधना Uchchhishta Ganapati  Sadhna  PH. 85280 57364

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

नाथ पंथ की महागणपति प्रत्यक्षीकरण साधना भगवान गणेश के दर्शन के लिए ph.85280 57364

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra

प्राचीन प्रत्यंगिरा साधना Pratyangira Sadhana Ph.85280 57364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Hanuman Sadhana प्राचीन रहस्यमय हनुमान साधना विधि विधान सहित ph. 85280 57364

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Lakshmi Sadhna आपार धन प्रदायक लक्ष्मी साधना Ph.8528057364

Narsingh Sadhna – भगवान प्राचीन नृसिंह साधना PH.8528057364

चमत्कारी वीर बेताल साधना – Veer Betal sadhna ph .8528057364

Panchanguli – काल ज्ञान देवी पंचांगुली रहस्य विस्तार सहित Ph. 85280 57364

Veer Bulaki Sadhna – प्राचीन रहस्यमय वीर बुलाकी साधना PH.85280 57364

चमत्कारी प्राचीन लोना चमारी साधना शाबर मंत्र lona chamari ph.85280 57364

sham Kaur Mohini माता श्याम कौर मोहिनी की साधना और इतिहास -ph.85280 57364

Masani Meldi माता मेलडी मसानी प्रत्यक्ष दर्शन साधना और रहस्य ph. 85280 57364

Lama Tibet Tantra लामा तिब्बत तंत्र का वशीकरण साधना

नाहर सिंह वीर परतक्षीकरण साधना nahar singh veer sadhana ph.85280 – 57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

भुवनेश्वरी साधना महाविद्या साधना रहस्य (Bhuvaneshvari Mahavidya MANTRA TANTRA SADHBNA)

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

कमला महाविद्या साधना ( करोड़पति बनने की साधना ) साधना अनुभव के साथ kamala mahavidya mantra

baglamukhi sadhna प्राचीन शक्तिशाली मां बगलामुखी साधना ph.85280 57364

प्राचीन चमत्कारी ब्रह्मास्त्र माता बगलामुखी साधना अनुष्ठान Ph. 85280 57364

रंभा अप्सरा साधना और अनुभव rambha apsara sadhna ph.8528057364

urvashi apsara sadhna उर्वशी अप्सरा साधना एक चनौती PH. 85280 57364

अप्सरा साधना और तंत्र apsara sadhna aur tantra

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

(अप्सरा साधना के लाभ ) अप्सरा साधना का हमारे जीवन मे महत्व (Benefits of Apsara ) Our life of Apsara is

अप्सरा साधना में आहार कैसा होना चाहिए   apsara mantra sadhna

उर्वशी अप्सरा साधना प्रत्यक्षीकरण urvashi apsara pratyaksh sadhana mantra vidhi ph.85280

 yakshini sadhana

rakta chamunda रक्तचामुण्डा यक्षिणी सब से तीव्र वशीकरण साधना Ph.85280 57364

तुलसी यक्षिणी साधना tulsi yakshini sadhana

कनक यक्षिणी साधना प्रत्यक्षीकरण kanak yakshini sadhna ph. 85280 57364

पीपल यक्षिणी वशीकरण साधना pipal yakshini sadhana ph. 85280 57364

 त्रिकाल ज्ञान साधना

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Panchanguli sadhana – चमत्कारी प्राचीन त्रिकाल ज्ञान पंचांगुली साधना रहस्य ph.85280 57364

vartali devi sadhana वार्ताली देवी साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना ph. 85280 -57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

सात्विक सौम्य करन पिशाचिनी साधना भूत भविष्य वर्तमान की जानकारी के लिए karna pishachini sadhana

hanumat Margdarshan sadhna हनुमत मार्गदर्शन साधना

maa durga Trikal gyan sadhna माँ दुर्गा त्रिकाल ज्ञान सध्ना

काला इल्म इल्म और काला जादू

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

काला जादू black magic क्या है? और इस के क्या रहस्य है PH.8528057364

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

यंत्र मंत्र तंत्र ज्ञान

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Khetarpal Sadhna खेत्रपाल साधना और खेत्रपाल रहस्य कौन है

यह तंत्र साधना कभी न करे एक शादीशुदा साधक tantra sadhana

मायावी विद्या और कृष्ण के पौत्र के माया से अपहरण mayavi vidya ph.85280

इस्‍माइल जोगी का परिचय Introduction to Ismail Jogi

maran aadi mantra Prayogo me savdhaniya मारणादि मंत्र प्रयोगों में सावधानियां

vashikaran uchatan akarshan mantra paryogo savdhani वशीकरण, उच्चाटन,आकर्षणादि मन्त्र

Trikal gyan varahi sadhna त्रिकाल ज्ञान वाराही

Taratak Meditation kundalini jagarn karni ke pahile seedhee त्राटक ध्यानकुण्डलिनी जागरण करने 

mantra Tantra khatkarm मंत्र तंत्र षट्कर्म Ph 85280 57364

Tantra wikipedia

MUSLIM sadhna

प्राचीन चमत्कारी मुवक्किल muwakkil साधना रहस्यph.85280 57364

Muslim sadhna मनवांछित इस्लामिक शक्ति को सिद्ध करने की साधना ph.85280 57364

sulemani panch peer sadhna सुलेमानी पाँच पीर साधना

Khabees – खबीस शैतान का सम्पूर्ण जानकारी- कैसा होता है

ख्वाजा पीर जी की साधना Khawaja Peer Sadhana

Sifli ilm सिफली इलम रहस्य हिंदी में विस्तार सहित ph.85280 57364

Tilasmi paryog ख़्वाजा तिलस्मी प्रयोग से त्रिकाल ज्ञान ph. 8528057364

Tantra English

Kamakhya Sindoor: History, Benefits, and Uses

Kamakhya Devi – A Journey Through the Mystical Temple of the Mother Goddess

What is Tantra?

Significance of wealth in life Maha lakshmi Sadhana ph.8528057364

mantra tantra education and guru knowledge

Is Tantra a Rapid Path to Self-Realization

what is Mantra Tantra Shastra?

Milarepa- The Great Tibetan Tantric & His Enlightenment

A Man Who Learnt a Magical Secret Mantra Secret Mantra

Relationship between Kundalini Tantra Yantra,Mantra

How is Aghori Tantra Mantra Sadhana?

Tantra Mantra education is not pornography and sexy science

Difference between Beej mantras and Tantric mantras and how to use them

Social media link

 guru  mantra  sadhna  Facebook  page 

 guru  mantra  sadhna  facebook  group

 guru  mantra  sadhna  youtube

 guru  mantra  sadhna   WordPress  

 guru  mantra  sadhna  LinkedIn

 guru  mantra  sadhna   email

 guru  mantra  sadhna  qoura

other links

best web hosting 

best domain  company 

best translate  tool

best news  website  

best singer

best mobile phone company

best  bank

best  shopping website 

best  laptop  company 

the best place in India

my  WordPress  use plugin

Ad Invalid Click Protector (AICP)

Rank Math SEO

Ad Invalid Click Protector

Advanced Editor Tools

Classic Editor

Clear Sucuri Cache

Easy Table of Contents

Featured Image from URL (FIFU)

Jetpack

Rank Math SEO

Webpushr Push Notifications

WordPress Automatic Plugin

WP Permalink Translator


guru mantra sadhna pages

 guru  mantra  sadhna Disclaimer

 guru  mantra  sadhna  Privacy Policy

 guru  mantra  sadhna  Terms and Conditions

 guru  mantra  sadhna  Contact

Cookies Policy

Bhutni Sadhna प्राचीन नव भूतनी साधन रहस्य ph.85280 57364

No Comments
Bhutni Sadhna प्राचीन नव भूतनी साधन रहस्य ph.85280 57364

Bhutni Sadhna प्राचीन नव भूतनी साधन रहस्य ph.85280 57364

Bhutni Sadhna प्राचीन नव भूतनी साधन रहस्य ph.85280 57364
Bhutni Sadhna प्राचीन नव भूतनी साधन रहस्य ph.85280 57364

Bhutni Sadhna प्राचीन नव भूतनी साधन रहस्य ph.85280 57364 नव भूतनी साधना इस साधना से साधक अपनी की सभी अभिलाषा पूरी करती है और साधक ऐश्वर्य और सुख प्रदान करती है इस साधना को आप पत्नी, बहन अथवा माता के रूप में कर सकते है। 

भूतनी देवी के अनेक प्रकार के स्वरूप हैं । उसमें मुख्य स्वरूप यह है- १. महाभूतनी, २. कुण्डल धारिणी अथवा कुण्डलवती, ३. सिन्दू- रिणी, ४. हारिणी, ५. नटी ६. प्रतिनटी अथवा महानटी, ७. चेटिका, ८. कामेश्वरी और 8. कुमारिका भूतनी देवी के उक्त रूपों के साधन मन्त्र तथा सावन-विधि का वर्णन नीचे किया गया है।

भूतनी मन्त्र भूतनी देवी के पूर्वोक्त किसी भी स्वरूप का ध्यान करने के लिये निम्नलिखित मन्त्र का जप किया जाता है। मन्त्र में जिस स्थान पर अमुक शब्द का प्रयोग हुधा है, उस स्थान पर, भूतनी देवी के जिस स्वरूप की उपासना करनी हो, उस स्वरूप के नाम का उच्चारण करना चाहिये ।

 १ महाभूतनी,मन्त्र साधना  Bhutni Sadhna

यह है— ॐ ह्रीं क्रू क्रू क्रू कटु कटु ॐ प्रमुकं क्रू क्रू क्रू ॐ महः । महाभूतनी साधन मन्त्र ॐ ह्रीं क्रू क्रू क्रू कटु कटु ॐ महाभूतनी क्रू क्रू क्रू ॐ अः ।

साधन विधि – रात्रि के समय चम्पा के वृक्ष के नीचे बैठकर उक्त मन्त्रका आठ सहस्र की संख्या में जप करे। इस प्रकार तीन दिन तक जप करते हुये महा पूजा करनी चाहिये। तदुपरान्त गूगल की धूनी देकर पुनवर जप में प्रवृत्त होना चाहिये। अर्द्धरात्रि के समय जब महाभूतनी देवी सम्मुख उपस्थित हो, उस समय चन्दन के जल से अर्घ्य देना चाहिये। इस विधि से भूतनी देवी प्रसन्न होकर साधक की अभिलाषा के अनुसार पत्नी, बहन अथवा माता के रूप में प्रकट होती हैं।

माता के रूप में वह साधक को आठ सौ वस्त्र, आभूषण तथा आहार प्रदान करती है। बहन के रूप में अनेक प्रकार के रसायन तथा आहार प्रदान करती है एवं साधक के लिये दूर से सुन्दर स्त्री लाकर देती है। यदि स्त्री के रूप में प्राती है तो साधक को पीठ पर चढ़ाकर स्वर्ग लोक को ले जाती है तथा अनेक प्रकार के सरस भाज्य पदार्थ एवं प्रतिदिन एक सहस्र स्वर्ण मुद्रा प्रदान करती है । साधक को चाहिये कि वह भूतनी देवी को माता वहन अथवा पत्नी – जिस रूप में भी प्राप्त करना चाहता हो, उसी स्वरूप में देवी का ध्यान करे ।

2 कुण्डलवती भूतनी साधन मन्त्र- Bhutni Sadhna

ॐ ह्रीं क्रू क्रू क्रू कटु कटु ॐ कुण्डलवती क्रू क्रू क्रू ॐ अः ।

 साधन विधि – रात्रि के समय श्मशान में बैठकर उक्त मन्त्र का पूजनादि की क्रियायें पूर्वोक्त देवी प्रकट न हो तब तक जप आठ सहस्र की संख्या में जप करे प्रकार से करनी चाहिये। जब तक करते रहना चाहिये। जिस समय कुण्डलवती भूतनी साधक के समीप प्रकट हो, उस समय साधक को चाहिये कि वह उसे रक्त से अर्घ्य दे । इस प्रकार यक्षिणी भैरव सिद्धि देवी प्रसन्न होकर माता के समान साधक की रक्षा करती है और उसे पच्चीस स्वर्ण मुद्रा प्रदान करती है 

3 सिन्दूरिणी भूतनी साधन मन्त्रBhutni Sadhna

 ॐ ह्रीं क्रू क्रू क्रू कटु कटु ॐ सिन्दूरिणी क्रू क्रू क्रू ॐ । 

साधन विधि – रात्रि के समय सूने देव मन्दिर में बैठकर उक्त मन्त्र का आठ सहस्र की संख्या में जप तथा पूर्वोक्त प्रकार से पूजन करे तो सिन्दूरिणी भूतनी प्रसन्न होकर साधक की पत्नी के रूप में उसकी सब इच्छाओं को पूरा करती है तथा बारहवें दिन प्रसन्न होकर वस्त्र, भोजनादि तथा पच्चीस स्वर्ण मुद्रा प्रदान करती है।

4 हारिणी भूतनी साधन मन्त्र Bhutni Sadhna

 

ॐ ह्रीं क्रू क्र . कटु कटु ॐ हारिणी क क्रू क्र ं ॐ अः । 2 C साधन विधि – किसी शिवलिंग के समीप बैठकर रात्रि के समय में उक्त मन्त्र का आठ सहस्र की संख्या में तब तक जप करना चाहिये जब तक देवी प्रकट न हो । पूजन आदि पूर्वोक्त विधि से ही करना चाहिये । जब देवी प्रकट होकर साधक से पूछे कि मैं तुम्हारा क्या कार्य करूँ ? उस समय साधक को यह कहना चाहिये कि श्राप मेरी पत्नी बनें। यह सुनकर हारिणी देवी प्रसन्न होकर साधक की अभिलाषा को पूर्ण करती है तथा उसे पाठ स्वर्ण मुद्रा एवं भोज्य पदार्थ प्रदान करती है। 

5 नटी भूतनी साधन मन्त्र Bhutni Sadhna

– ॐ ह्रीं क्र . क्र कटु कटु ॐ नटी क्र. क्र. क्र. ॐ द्यः ।

 

साधन विधि-वज्रपाणि के मन्दिर में जाकर नटी देवी की प्रति मूर्ति अकित कर कनेर के फूलों द्वारा उसकी पूजा करे तथा पूर्वोक्त विधि से पूजन कर उक्त मन्त्र का आठ सहस्र की संख्या में जप करे । जब तक देवी प्रकट न हो, तब तक जप करता रहे। 

जिस दिन अर्द्ध रात्रि के समय देवी प्रकट हो, तब उन्हें लाल चन्दन के जल से अर्घ्य दे। इस प्रकार देवी प्रसन्न होकर साधक के पास आकर पूछती है- मैं तुम्हारा क्या करूँ ? उस समय साधक कहे हे देवी! तुम मेरी टहलनी हो जाओ। 

तब वह साधक की टहलनी होकर उसे प्रतिदिन वस्त्र, आभूषण एवं भोज्य पदार्थ समर्पित करती है। इस मन्त्र का जप करते समय नटी भूतनी का टहलनी के रूप में ही चिन्तन और स्मरण करना चाहिये |

6 अति (महा) नटी भूतनी साधन मन्त्र-Bhutni Sadhna

ॐ ह्रीं क्रू क्रू क्रू कटु कटु ॐ प्रति नटी (महा नटी) क्रू क्रू क्रू ॐ अः । 2 साधन विधि-नदी के संगम स्थल पर जाकर उक्त मन्त्र का आठ सहस्र की संख्या में जप करे तथा पूर्वोक्त प्रकार से पूजन करे। इस प्रकार सात दिन तक पूजन करे तदुपरान्त आठवे दिन जब सूर्यास्त हो, उस समय चन्दन द्वारा धूप दे तब ‘महानटी भूतनी प्रसन्न होकर अर्द्धरात्रि के समय साधक के समीप भार्या रूप में जाती है तथा साधक को प्रतिदिन सौ स्वर्ण मुद्रा देकर एवं उसकी अन्य अभिलाषाएँ पूर्ण कर प्रातःकाल के समय लौट जाती है।

7 चेटिका भूतनी साधन मन्त्र Bhutni Sadhna

– ॐ ही क्रू क्रू क्रू कटु कटु ॐ चेटिका क्रू क्रू क्रू ॐ अः । साधन विधि – रात्रि के समय अपने घर के द्वार पर बैठकर उक्त ( १५० ) मन्त्र को आठ सहल की संख्या में जप तथा पूर्वोक्त विधि से पूजन करे । इस प्रकार तीन दिन तक जप करने से चेटिका भूतनी साधक के समीप ग्राकर, उसकी दासी के रूप में गृह संस्कार ( घर का भाड़ना बुहारना आदि ) कार्य करती है तथा उसकी अन्य इच्छाओं को पूरा करती है।

8 कामेश्वरी भूतनी साधन मन्त्र- Bhutni Sadhna

ॐ ह्रीं क्रू क्रू क्रू कटु कटु ॐ कामेश्वरी क्रू क्रू क्रू ॐ श्रः ।

 साधन विधि – रात्रि के समय मातृगृह में जाकर मत्स्य, मांस अर्पण कर पूर्वोक्त विधि से पूजन कर, उक्त मन्त्र का एक सहस्र संख्या में जप करे। इस प्रकार सात दिन तक जप करने से ‘कामेश्वरी भूतनी प्रसन्न होकर साधक के समीप आती है । 

उस समय साधक को भक्तिपूर्वक अर्घ्य देना चाहिए। जब देवी प्रसन्न होकर साधक से यह प्रश्न करे कि तुम्हारी क्या आज्ञा है ? उस समय साधक को उससे कहना चाहिए — तुम मेरी पत्नी हो जाओ। यह सुनकर कामे- श्वरी साधक पर प्रसन्न होकर पत्नी रूप में उसके सब मनोरथों को पूरा करती हैं तथा उसे राज्याधिकार भी प्रदान करती है ।

9 कुमारिका भूतनी साधन Bhutni Sadhna

ॐ ह्रीं क्रू क्रू कटु कटु ॐ कुमारिके क्रू क्रू क्रू ॐ अः । 

साधन विधि – रात्रि के समय किसी देवमन्दिर में जाकर उत्तम शैया बनाकर चमेली के पुष्प, वस्त्र तथा श्वेत चन्दन से पूजन कर, गूगल की धप देकर उक्त मन्त्र का पाठ सहस्र की संख्या में जप करे। जब तक देवी प्रकट न हो, तब तक जप करना चाहिए । 

प्रसन्न होने के दिन कुमारिका भूतनी साधक के समीप आकर उसका चुम्बन, आलिंगन आदि करके प्रसन्नता प्रदान करती है तथा सुसज्जित पत्नी रूप में सहवास आदि से संतुष्ट कर, साधक को आठ स्वर्ण मुद्रा, दो ( १८१ ) वस्त्र तथा सुन्दर भोजन – ये सब वस्तुयें तथा कुबेर के घर से धन लाकर देती है। इस प्रकार प्रतिदिन रात्रि भर साधक के समीप रहकर, प्रातः काल चली जाती है ।

विशेष – जो साधक किसी की भूतनी का पत्नी के रूप में वर करे, उसे चाहिए कि वह अन्य किसी भी स्त्री के साथ सम्पर्क न रखे ।

CATEGORIES

यह साधना भी पढ़े नीचे  दिए  गए लिंक से

प्राचीन चमत्कारी उच्छिष्ट गणपति शाबर साधना Uchchhishta Ganapati  Sadhna  PH. 85280 57364

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

नाथ पंथ की महागणपति प्रत्यक्षीकरण साधना भगवान गणेश के दर्शन के लिए ph.85280 57364

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra

प्राचीन प्रत्यंगिरा साधना Pratyangira Sadhana Ph.85280 57364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Hanuman Sadhana प्राचीन रहस्यमय हनुमान साधना विधि विधान सहित ph. 85280 57364

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Lakshmi Sadhna आपार धन प्रदायक लक्ष्मी साधना Ph.8528057364

Narsingh Sadhna – भगवान प्राचीन नृसिंह साधना PH.8528057364

चमत्कारी वीर बेताल साधना – Veer Betal sadhna ph .8528057364

Panchanguli – काल ज्ञान देवी पंचांगुली रहस्य विस्तार सहित Ph. 85280 57364

Veer Bulaki Sadhna – प्राचीन रहस्यमय वीर बुलाकी साधना PH.85280 57364

चमत्कारी प्राचीन लोना चमारी साधना शाबर मंत्र lona chamari ph.85280 57364

sham Kaur Mohini माता श्याम कौर मोहिनी की साधना और इतिहास -ph.85280 57364

Masani Meldi माता मेलडी मसानी प्रत्यक्ष दर्शन साधना और रहस्य ph. 85280 57364

Lama Tibet Tantra लामा तिब्बत तंत्र का वशीकरण साधना

नाहर सिंह वीर परतक्षीकरण साधना nahar singh veer sadhana ph.85280 – 57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

भुवनेश्वरी साधना महाविद्या साधना रहस्य (Bhuvaneshvari Mahavidya MANTRA TANTRA SADHBNA)

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

कमला महाविद्या साधना ( करोड़पति बनने की साधना ) साधना अनुभव के साथ kamala mahavidya mantra

baglamukhi sadhna प्राचीन शक्तिशाली मां बगलामुखी साधना ph.85280 57364

प्राचीन चमत्कारी ब्रह्मास्त्र माता बगलामुखी साधना अनुष्ठान Ph. 85280 57364

रंभा अप्सरा साधना और अनुभव rambha apsara sadhna ph.8528057364

urvashi apsara sadhna उर्वशी अप्सरा साधना एक चनौती PH. 85280 57364

अप्सरा साधना और तंत्र apsara sadhna aur tantra

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

(अप्सरा साधना के लाभ ) अप्सरा साधना का हमारे जीवन मे महत्व (Benefits of Apsara ) Our life of Apsara is

अप्सरा साधना में आहार कैसा होना चाहिए   apsara mantra sadhna

उर्वशी अप्सरा साधना प्रत्यक्षीकरण urvashi apsara pratyaksh sadhana mantra vidhi ph.85280

 yakshini sadhana

rakta chamunda रक्तचामुण्डा यक्षिणी सब से तीव्र वशीकरण साधना Ph.85280 57364

तुलसी यक्षिणी साधना tulsi yakshini sadhana

कनक यक्षिणी साधना प्रत्यक्षीकरण kanak yakshini sadhna ph. 85280 57364

पीपल यक्षिणी वशीकरण साधना pipal yakshini sadhana ph. 85280 57364

 त्रिकाल ज्ञान साधना

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Panchanguli sadhana – चमत्कारी प्राचीन त्रिकाल ज्ञान पंचांगुली साधना रहस्य ph.85280 57364

vartali devi sadhana वार्ताली देवी साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना ph. 85280 -57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

सात्विक सौम्य करन पिशाचिनी साधना भूत भविष्य वर्तमान की जानकारी के लिए karna pishachini sadhana

hanumat Margdarshan sadhna हनुमत मार्गदर्शन साधना

maa durga Trikal gyan sadhna माँ दुर्गा त्रिकाल ज्ञान सध्ना

काला इल्म इल्म और काला जादू

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

काला जादू black magic क्या है? और इस के क्या रहस्य है PH.8528057364

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

यंत्र मंत्र तंत्र ज्ञान

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Khetarpal Sadhna खेत्रपाल साधना और खेत्रपाल रहस्य कौन है

यह तंत्र साधना कभी न करे एक शादीशुदा साधक tantra sadhana

मायावी विद्या और कृष्ण के पौत्र के माया से अपहरण mayavi vidya ph.85280

इस्‍माइल जोगी का परिचय Introduction to Ismail Jogi

maran aadi mantra Prayogo me savdhaniya मारणादि मंत्र प्रयोगों में सावधानियां

vashikaran uchatan akarshan mantra paryogo savdhani वशीकरण, उच्चाटन,आकर्षणादि मन्त्र

Trikal gyan varahi sadhna त्रिकाल ज्ञान वाराही

Taratak Meditation kundalini jagarn karni ke pahile seedhee त्राटक ध्यानकुण्डलिनी जागरण करने 

mantra Tantra khatkarm मंत्र तंत्र षट्कर्म Ph 85280 57364

Tantra wikipedia

MUSLIM sadhna

प्राचीन चमत्कारी मुवक्किल muwakkil साधना रहस्यph.85280 57364

Muslim sadhna मनवांछित इस्लामिक शक्ति को सिद्ध करने की साधना ph.85280 57364

sulemani panch peer sadhna सुलेमानी पाँच पीर साधना

Khabees – खबीस शैतान का सम्पूर्ण जानकारी- कैसा होता है

ख्वाजा पीर जी की साधना Khawaja Peer Sadhana

Sifli ilm सिफली इलम रहस्य हिंदी में विस्तार सहित ph.85280 57364

Tilasmi paryog ख़्वाजा तिलस्मी प्रयोग से त्रिकाल ज्ञान ph. 8528057364

Tantra English

Kamakhya Sindoor: History, Benefits, and Uses

Kamakhya Devi – A Journey Through the Mystical Temple of the Mother Goddess

What is Tantra?

Significance of wealth in life Maha lakshmi Sadhana ph.8528057364

mantra tantra education and guru knowledge

Is Tantra a Rapid Path to Self-Realization

what is Mantra Tantra Shastra?

Milarepa- The Great Tibetan Tantric & His Enlightenment

A Man Who Learnt a Magical Secret Mantra Secret Mantra

Relationship between Kundalini Tantra Yantra,Mantra

How is Aghori Tantra Mantra Sadhana?

Tantra Mantra education is not pornography and sexy science

Difference between Beej mantras and Tantric mantras and how to use them

Social media link

 guru  mantra  sadhna  Facebook  page 

 guru  mantra  sadhna  facebook  group

 guru  mantra  sadhna  youtube

 guru  mantra  sadhna   WordPress  

 guru  mantra  sadhna  LinkedIn

 guru  mantra  sadhna   email

 guru  mantra  sadhna  qoura

other links

best web hosting 

best domain  company 

best translate  tool

best news  website  

best singer

best mobile phone company

best  bank

best  shopping website 

best  laptop  company 

the best place in India

my  WordPress  use plugin

Ad Invalid Click Protector (AICP)

Rank Math SEO

Ad Invalid Click Protector

Advanced Editor Tools

Classic Editor

Clear Sucuri Cache

Easy Table of Contents

Featured Image from URL (FIFU)

Jetpack

Rank Math SEO

Webpushr Push Notifications

WordPress Automatic Plugin

WP Permalink Translator


guru mantra sadhna pages

 guru  mantra  sadhna Disclaimer

 guru  mantra  sadhna  Privacy Policy

 guru  mantra  sadhna  Terms and Conditions

 guru  mantra  sadhna  Contact

 

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra ph.85280 57364

1 Comment
गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra ph.85280 57364

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra
गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra

  • शिव गायत्री मंत्र के लाभ
  • सवा लाख गायत्री मंत्र के लाभ

गायत्री gayatri मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra दोस्तों आज के इस post में, मैं आपको बताने जा रहा हूँ गायत्री gayatri मंत्र का जाप करने के क्या लाभ हैं? गायत्री gayatri के जप से कुछ अंदाजा लग जाता है कि यह कितना महत्वपूर्ण है, यह निम्नलिखित प्रमाणों में से कुछ से जाना जा सकता है। इसे विशेष रूप से आवश्यक कहा जाता है ब्राह्मण के लिए क्योंकि ब्राह्मणवाद का पूरा आधार किस पर निर्भर है?

गायत्री gayatri में बताए गए मार्ग पर चलने से बुद्धि और वह ज्ञान प्राप्त होता है। गायत्री gayatri सभी वेदों और गुहया उपनिषदों का सार है। इसलिए नियमित रूप से गायत्री gayatri मंत्र का जाप करें। गायत्री gayatri मंत्र की पूजा सभी वेदों का सार है। ब्रह्मदी देवता भी शाम के समय गायत्री gayatri का ध्यान और जप करते हैं।

image link 

केवल गायत्री gayatri की पूजा करने वाला ब्राह्मण भी मोक्ष को प्राप्त करता है। गायत्री gayatri का जाप करने वाले को सांसारिक और पारलौकिक सुख के सभी सुखों की प्राप्ति होती है। एक व्यक्ति जो तीन साल तक हर दिन गायत्री gayatri का जाप करता है ब्रह्म को अवश्य प्राप्त होता है और वायु की तरह मुक्त है।

इस तरह मनु ने खुद कहा है कि क्या या अन्य देवताओं की पूजा न करें, गायत्री gayatri का जाप करने मात्र से ही द्विज अक्षय मोक्ष की प्राप्ति होती है। यहाँ और क्या कहना है? सुप्रचारित गायत्री gayatri को द्विजों की मनोकामना पूरी करने वाला कहा जाता है।

गायत्री gayatri की sadhna से सभी विद्याओं का ज्ञान प्राप्त होता है और उन्होंने न केवल गायत्री gayatri की पूजा की लेकिन सातों लोकों की पूजा भी की। जो ब्रह्मचर्य, ओंकार, महा व्याहृतियों के साथ गायत्री gayatri मंत्र का जाप करता है, वह श्रोत्रिय होता है। एक ब्राह्मण जो दोनों शाम को प्रणव में गायत्री gayatri मंत्र का जाप करता है।

उसे वेदों के पाठ का फल प्राप्त होता है। एक ब्राह्मण जो हमेशा शाम और सुबह जल्दी गायत्री gayatri का जाप करता है यहां तक कि अगर कोई ब्राह्मण अयोग्य पूर्ववर्ती लेता है, तो वह सर्वोपरि हो जाता है। यदि कोई विद्वान एक बार भी उत्तम अक्षरों से गायत्री gayatri का जाप करे तो वह तत्काल सिद्धि प्राप्त करता है और वह ब्रह्म की व्यवहार्यता प्राप्त करता है।

ब्राह्मण कुछ और कर भी सकता है और नहीं भी कर सकता है, लेकिन वह गायत्री gayatri का जाप करके ही सिद्धि प्राप्त कर सकता है। अन्य अनुष्ठान करना है या नहीं, द्विज, जो केवल गायत्री gayatri की पूजा करता है, कृतज्ञता का कार्य बन जाता है।

सुनो! शाम को सूर्य को अर्घ्यदान देकर और जप करने मात्र से प्रतिदिन तीन हजार नर देवता भी पूजनीय हो जाते हैं। गायत्री gayatri के एक अक्षर की सिद्धि से देवता गण इस प्रकार हैं हरिशंकर ब्रह्मा, सूर्य, चंद्र, अग्नि आदि भी साधक का मुकाबला करते हैं।

दस हजार जपित गायत्री gayatri परम शोधक है। समस्त पापों और समस्याओं का नाश करके दस हजार गायत्री gayatri का जप करने से परम शोधक होता है। वह जो गायत्री gayatri का उच्चारण करता है यह सही है कि वह इस लोक में और परलोक में ब्रह्मा की व्यवहार्यता को प्राप्त करता है। इसलिए हमें गायत्री gayatri मंत्र नित्यप्रति का जाप करना चाहिए। और गायत्री gayatri माता का ध्यान करें

सवा लाख गायत्री मंत्र के लाभ

सवा लाख गायत्री मंत्रका जाप  करने से साधक के सभी पापो से मुक्ति मिलेगी और साधना की मनोकामना पूरी होगी 

शिव गायत्री मंत्र के लाभ

शिव गायत्री मंत्र के जप से शिव की कृपा प्रपात होगी और साधक को भक्ति और मुक्ति मिलेगी 

CATEGORIES

CATEGORIES

यह साधना भी पढ़े नीचे  दिए  गए लिंक से

प्राचीन चमत्कारी उच्छिष्ट गणपति शाबर साधना Uchchhishta Ganapati  Sadhna  PH. 85280 57364

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

नाथ पंथ की महागणपति प्रत्यक्षीकरण साधना भगवान गणेश के दर्शन के लिए ph.85280 57364

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra

प्राचीन प्रत्यंगिरा साधना Pratyangira Sadhana Ph.85280 57364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Hanuman Sadhana प्राचीन रहस्यमय हनुमान साधना विधि विधान सहित ph. 85280 57364

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Lakshmi Sadhna आपार धन प्रदायक लक्ष्मी साधना Ph.8528057364

Narsingh Sadhna – भगवान प्राचीन नृसिंह साधना PH.8528057364

चमत्कारी वीर बेताल साधना – Veer Betal sadhna ph .8528057364

Panchanguli – काल ज्ञान देवी पंचांगुली रहस्य विस्तार सहित Ph. 85280 57364

Veer Bulaki Sadhna – प्राचीन रहस्यमय वीर बुलाकी साधना PH.85280 57364

चमत्कारी प्राचीन लोना चमारी साधना शाबर मंत्र lona chamari ph.85280 57364

sham Kaur Mohini माता श्याम कौर मोहिनी की साधना और इतिहास -ph.85280 57364

Masani Meldi माता मेलडी मसानी प्रत्यक्ष दर्शन साधना और रहस्य ph. 85280 57364

Lama Tibet Tantra लामा तिब्बत तंत्र का वशीकरण साधना

नाहर सिंह वीर परतक्षीकरण साधना nahar singh veer sadhana ph.85280 – 57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

भुवनेश्वरी साधना महाविद्या साधना रहस्य (Bhuvaneshvari Mahavidya MANTRA TANTRA SADHBNA)

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

कमला महाविद्या साधना ( करोड़पति बनने की साधना ) साधना अनुभव के साथ kamala mahavidya mantra

baglamukhi sadhna प्राचीन शक्तिशाली मां बगलामुखी साधना ph.85280 57364

प्राचीन चमत्कारी ब्रह्मास्त्र माता बगलामुखी साधना अनुष्ठान Ph. 85280 57364

रंभा अप्सरा साधना और अनुभव rambha apsara sadhna ph.8528057364

urvashi apsara sadhna उर्वशी अप्सरा साधना एक चनौती PH. 85280 57364

अप्सरा साधना और तंत्र apsara sadhna aur tantra

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

(अप्सरा साधना के लाभ ) अप्सरा साधना का हमारे जीवन मे महत्व (Benefits of Apsara ) Our life of Apsara is

अप्सरा साधना में आहार कैसा होना चाहिए   apsara mantra sadhna

उर्वशी अप्सरा साधना प्रत्यक्षीकरण urvashi apsara pratyaksh sadhana mantra vidhi ph.85280

 yakshini sadhana

rakta chamunda रक्तचामुण्डा यक्षिणी सब से तीव्र वशीकरण साधना Ph.85280 57364

तुलसी यक्षिणी साधना tulsi yakshini sadhana

कनक यक्षिणी साधना प्रत्यक्षीकरण kanak yakshini sadhna ph. 85280 57364

पीपल यक्षिणी वशीकरण साधना pipal yakshini sadhana ph. 85280 57364

 त्रिकाल ज्ञान साधना

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Panchanguli sadhana – चमत्कारी प्राचीन त्रिकाल ज्ञान पंचांगुली साधना रहस्य ph.85280 57364

vartali devi sadhana वार्ताली देवी साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना ph. 85280 -57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

सात्विक सौम्य करन पिशाचिनी साधना भूत भविष्य वर्तमान की जानकारी के लिए karna pishachini sadhana

hanumat Margdarshan sadhna हनुमत मार्गदर्शन साधना

maa durga Trikal gyan sadhna माँ दुर्गा त्रिकाल ज्ञान सध्ना

काला इल्म इल्म और काला जादू

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

काला जादू black magic क्या है? और इस के क्या रहस्य है PH.8528057364

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

यंत्र मंत्र तंत्र ज्ञान

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Khetarpal Sadhna खेत्रपाल साधना और खेत्रपाल रहस्य कौन है

यह तंत्र साधना कभी न करे एक शादीशुदा साधक tantra sadhana

मायावी विद्या और कृष्ण के पौत्र के माया से अपहरण mayavi vidya ph.85280

इस्‍माइल जोगी का परिचय Introduction to Ismail Jogi

maran aadi mantra Prayogo me savdhaniya मारणादि मंत्र प्रयोगों में सावधानियां

vashikaran uchatan akarshan mantra paryogo savdhani वशीकरण, उच्चाटन,आकर्षणादि मन्त्र

Trikal gyan varahi sadhna त्रिकाल ज्ञान वाराही

Taratak Meditation kundalini jagarn karni ke pahile seedhee त्राटक ध्यानकुण्डलिनी जागरण करने 

mantra Tantra khatkarm मंत्र तंत्र षट्कर्म Ph 85280 57364

Tantra wikipedia

MUSLIM sadhna

प्राचीन चमत्कारी मुवक्किल muwakkil साधना रहस्यph.85280 57364

Muslim sadhna मनवांछित इस्लामिक शक्ति को सिद्ध करने की साधना ph.85280 57364

sulemani panch peer sadhna सुलेमानी पाँच पीर साधना

Khabees – खबीस शैतान का सम्पूर्ण जानकारी- कैसा होता है

ख्वाजा पीर जी की साधना Khawaja Peer Sadhana

Sifli ilm सिफली इलम रहस्य हिंदी में विस्तार सहित ph.85280 57364

Tilasmi paryog ख़्वाजा तिलस्मी प्रयोग से त्रिकाल ज्ञान ph. 8528057364

Tantra English

Kamakhya Sindoor: History, Benefits, and Uses

Kamakhya Devi – A Journey Through the Mystical Temple of the Mother Goddess

What is Tantra?

Significance of wealth in life Maha lakshmi Sadhana ph.8528057364

mantra tantra education and guru knowledge

Is Tantra a Rapid Path to Self-Realization

what is Mantra Tantra Shastra?

Milarepa- The Great Tibetan Tantric & His Enlightenment

A Man Who Learnt a Magical Secret Mantra Secret Mantra

Relationship between Kundalini Tantra Yantra,Mantra

How is Aghori Tantra Mantra Sadhana?

Tantra Mantra education is not pornography and sexy science

Difference between Beej mantras and Tantric mantras and how to use them

Social media link

 guru  mantra  sadhna  Facebook  page 

 guru  mantra  sadhna  facebook  group

 guru  mantra  sadhna  youtube

 guru  mantra  sadhna   WordPress  

 guru  mantra  sadhna  LinkedIn

 guru  mantra  sadhna   email

 guru  mantra  sadhna  qoura

other links

best web hosting 

best domain  company 

best translate  tool

best news  website  

best singer

best mobile phone company

best  bank

best  shopping website 

best  laptop  company 

the best place in India

my  WordPress  use plugin

Ad Invalid Click Protector (AICP)

Rank Math SEO

Ad Invalid Click Protector

Advanced Editor Tools

Classic Editor

Clear Sucuri Cache

Easy Table of Contents

Featured Image from URL (FIFU)

Jetpack

Rank Math SEO

Webpushr Push Notifications

WordPress Automatic Plugin

WP Permalink Translator


guru mantra sadhna pages

 guru  mantra  sadhna Disclaimer

 guru  mantra  sadhna  Privacy Policy

 guru  mantra  sadhna  Terms and Conditions

 guru  mantra  sadhna  Contact

Cookies Policy

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

4 Comments
Kachha Kalua sadhna  - कच्चा कलुआ साधना - सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

Kachha Kalua sadhna  – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

 

Kachha Kalua sadhna  - कच्चा कलुआ साधना - सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364
Kachha Kalua sadhna  – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364 नमस्कार दोस्तों guru  मंत्र साधना  पर एक बार फिर आपका स्वागत है। आज हम इसके बारे में जानकारी प्राप्त करेंगे एक विशेष प्रकार की साधना। क्योंकि इसके बारे में जानकारी की थोड़ी कमी है। साधना कच्चा कलुआ है। यह ऐसे तांत्रिक छोटे बच्चे की आत्मा है, जिसे हम किसके नाम से जानते हैं? कच्छा कलुआ ।

तांत्रिक इन्हें मसान भी कहते हैं, कच्चा कलुआ ऊर्जा के रूप में ऐसी आत्मा है मुक्ति प्राप्त न होने के कारण। उचित मुक्ति संस्कारों की कमी के कारण। इधर-उधर भटकता रहता है और इसे नियंत्रित करके कोई तांत्रिक। कई बार जागने से उन्हें सिद्धियां मिलती हैं। कच्चे कलुआ का मतलब है मसान।

इसे राजस्थान में झरुंटिया भी कहा जाता है। एक छोटी लड़की की भटकती आत्मा बेहद शक्तिशाली है। यह ज्यादातर है तांत्रिक लोगों द्वारा अपने बुरे कर्मों को अंजाम देने के लिए इस्तेमाल किया जाता है या इसका उपयोग किसी भी परिवार या दुश्मन के वंश पर किया जाता है।

कच्चे कलुआ ऐसी आत्माएं हैं जिनके संस्कार ठीक से नहीं हुए हैं यानी अंतिम संस्कार। फिर यह स्वतः ही ऊर्जा का रूप ले लेती है। उनके पास खतरनाक शक्तियां हैं। यह महान चीजों को पूरा कर सकता है। उनकी शक्तियां अपने चरम पर पहुंच जाती हैं, इसलिए उन्हें नियंत्रित करना बहुत मुश्किल है।

मसान का अर्थ होता है कच्चा कलुआ। बहुत शरारती! एक छोटे बच्चे की आत्मा है; केवल एक आत्मा है जो मंदिर में प्रवेश कर सकती है। . और इसे बाल रूप में दूर करना आसान नहीं है। यदि गर्भ में पैदा होने वाले बच्चे की जन्म के दौरान मृत्यु हो जाती है या एक बच्चा जिसकी उम्र 9 वर्ष से कम है, फिर उनका अंतिम संस्कार ठीक से नहीं किया गया है। उनमें से अधिकांश को दफनाया गया या नदी में फेंक दिया गया।

उचित अनुष्ठान न होने के कारण यह अपने आप भटकने लगता है। यदि एक बच्चा पैदा होता है , फिर इसकी नाल काट दी जाती है, लेकिन जब गर्भपात होता है, तो ऐसा नहीं हो सकता है। तब गर्भ के प्राणी को कच्चा मांस कहा जाता है। वह माया से जुड़ा रहता है। जो उस आत्मा को बनाता है अजेय क्योंकि यह जुड़ा रहता है।

यदि वह अपनी शक्तियों को अपनी माँ से प्राप्त कर रहा है, तब यह आत्मा प्रकृति ब्रह्मांड से अपनी शक्ति प्राप्त करती है। यह एक आम धारणा है कि गर्भपात के मामले में, उस गर्भ का जीवन नष्ट हो जाता है। लेकिन आत्मा वह स्वयं माया में भागीदार है। घर पर दुनिया से अलग अपना एक तांत्रिक खेल खेलता है।

मसान छोटा नहीं है आत्मा। यह बच्चों की आत्माओं से बनता है और उनकी शक्तियां भी अपने चरम पर पहुंच जाती हैं। यह देखा गया है कि केवल उनके माता-पिता ही उन्हें मुक्त कर सकते हैं क्योंकि यह किसकी ऊर्जा है? एक छोटा बच्चा। यही कारण है कि वे बहुत शैतानी करते हैं और यहां तक कि एक गेम तरह  अपने शिकार को मारते हैं।

हम इसे कच्चा मसानमिसिंग मसान या कच्चा कलवा कहते हैं, जो गर्भ में ही खत्म हो जाता है, लेकिन वह जो है कच्चा कलुआ एक छोटा बच्चा है जो दूध पीता है, वह भोजन लेने से पहले मर गया है  ? मूल भोजन खाने या भोजन लेने में सक्षम नहीं हैं।

पितृ! जो होते हैं वे ऐसे होते हैं कि बाल आत्माएं भोजन का सेवन करने लगती हैं। आम तौर पर, ए बच्चा जो 6 साल की उम्र तक भोजन का सेवन करना शुरू कर देता है और उस जीव की शादी नहीं होती है, भले ही वह हो 80 साल के हैं। ऐसा प्राणी मृत्यु के बाद पितृ योनि में जाता है, उसी तरह ऊत  हो सकता है कि शादी हो गई हो लेकिन उसकी कोई संतान नहीं है।

इसके अलावा इसे मुंजा कहा जाता है, ब्रह्मराक्षस, कभी-कभी ऐसे कई योनिया होते हैं। मसान कोई भी हो, वे ज्यादातर शक्तिशाली क्यों हैं? और छोटे बच्चे, जो एक कच्चा कलुआ है, इसे बहुत शक्तिशाली माना जाता है क्योंकि यह इसके अंतर्गत नहीं आता है किसी का भी नियंत्रण जल्दी से हो जाता है।

एक छोटे बच्चे को नियंत्रित करना कितना मुश्किल है? आप लोग समझ सकते हैं और जब वह छोटा  में हो तो यह कितना मुश्किल हो सकता है। यह इतना छोटा होने के कारण, वे घूमते रहते हैं पवित्र स्थान जैसे मंदिर, पूजा स्थल, अनुष्ठान और अपने सभी काम करते हैं।

इससे आप अनुमान लगा सकते हैं कि जब उन्हें नियंत्रित नहीं किया जा सकता है, तो वे कुछ भी करने में सक्षम हैं। गर्भवती महिलाओं को इससे सबसे ज्यादा खतरा होता है। यदि गर्भवती महिला कच्चे कलुआ की चपेट में आ जाती है फिर उसकी गर्भावस्था को बचाना बहुत मुश्किल है।

कच्चे कलवा भी सबसे ज्यादा आकर्षित होता है और अगर किसी गर्भवती महिला पर कच्चे कलवा यानी मसान का हमला हो जाता है तो सबसे पहले वह गर्भ में पल रहे भ्रूण पर अपना निशाना बनाती है। गर्भ, जिसके कारण गर्भावस्था गिरती है या समाप्त हो जाती है।

. यह साधना अच्छे के लिए ही करनी चाहिए कर्म क्योंकि ज्यादातर लोग यह साधना बुरे कर्मों के लिए ही करते हैं। एक विचार के कारण पुराने समय की वंशानुगत इच्छाओं के कारण शत्रु के वंश को बढ़ने न देना, अधिकांश कच्चे कलवा का उपयोग बाकी लोग तांत्रिकों के माध्यम से करते हैं।

Kachha Kalua mantra sadhna  – कच्चा कलुआ साधना  मंत्र  

मैं आपको इसका मंत्र नहीं बताया जा सकता इस के संपर्क कर सकते है  । लेकिन कृपया इसका उपयोग न करें जब तक कि आप एक अच्छे गुरु के मार्गदर्शन में साधना कर रहे हैं।

Kachha Kalua sadhna  – कच्चा कलुआ साधना विधि 

कच्चे कलुआ की साधना के बारे में भी वर्णन मिलता है। मैं आपको यह बताता हूं। किसी नाबालिग बच्चे के मृत शरीर का कफन लाकर उसी मृत शरीर का थूक कफन पर लगाएं। अब, आधी रात को , उस कफन को एक एकांत में बबूल के पेड़ के नीचे रखें स्थान।

शौच के लिए पेड़ से थोड़ी दूर जाएं और बिना सफाई किए ऐसे ही वापस आ जाएं। इसके मंत्र अनेक हैं। अब सामने पड़े मांस के टुकड़े में से एक छोटा सा हिस्सा निकालकर रख लें अपनी जीभ के नीचे और मानस जाप के माध्यम से इसका जाप पूरा करें।

जब किया जाता है, मांस के टुकड़े को मुंह से निकालकर दिमाग पर लगाकर वहीं छोड़ दें। और कफन के साथ घर लौट आया। इस प्रकार आपको इन 11 दिनों तक साधना करनी होगी । साधना करने जाते समय, लौटते समय बिल्कुल पीछे मुड़कर न देखें, न ही किसी के सवाल का जवाब दें।

कलुआ अपनी लीला शुरू करता है। उसकी बातों पर ध्यान न दें। बिना पका हुआ कलुआ साधक बांधना चाहिए मांस-मदिरा चढ़ाकर वादे में कलुआ . हालांकि छोटे बच्चे के कलुआ को शब्द में आसानी से नहीं बांधा जा सकता है, लेकिन आप शब्द में बड़े को बांध सकते हैं। अब बात करते हैं कलवा हटाने की विधि की।

कई बार हम ऐसी परिस्थितियों में होते हैं जब कलुआ नियंत्रण से बाहर हो जाता है और साधक की बात नहीं सुनता। . छोटे बच्चे या महिलाएं, विशेष रूप से गर्भवती महिलाएं, इसके लिए अधिक प्रवण होती हैं। ऐसे में, कलुआ को दूर करने के लिए मंत्र पढ़कर आप कर सकते हैं। इसका उपयोग करेंगे।

अगर किसी ने कलवा का इस्तेमाल किया है तो छिड़ककर रोगी के चारों ओर सरसों के बीज और मंत्र का जाप करने से कलवा दूर हो जाता है। देखिए, एक बात यह भी है कि कल्वा से मुकाबला करने वाला साधक। एक नहीं होना चाहिए किसी भी तरह से कायर या कायर ताकि वह इसका अच्छी तरह से सामना कर सके क्योंकि उसे बहुत कुछ मिला है शक्तियां और वह आपके दिमाग को बदल सकते हैं। इसके अलावा इसमें एक और मंत्र है।

उनके कई प्रकार के मंत्र हैं और इस शक्तिशाली शक्ति से आप उन्हें मार सकते हैं तांत्रिक क्रियाएं। इस गर्भ आदि को बनवाकर कई काम किए जा सकते हैं।

लेकिन कभी भी गलत के लिए उनका उपयोग न करें कर्म करें और इस साधना को किसी योग्य गुरु के मार्गदर्शन में ही करें। अन्यथा साधक छोटे बच्चे की तरह पागल हो सकता है।

और कई मामलों में मृत्यु भी प्राप्त की जा सकती है, इसलिए सावधान रहें और इस साधना को किसी योग्य गुरु के मार्गदर्शन में करें। ये था कच्चे कलुआ का परिचय, आज पसंद आया तो जानकारी है, फिर इसे पसंद करें। साझा करें, सदस्यता लें। आपका दिन अच्छा हो। धन्यवाद।

CATEGORIES
यह साधना भी पढ़े नीचे  दिए  गए लिंक से

प्राचीन चमत्कारी उच्छिष्ट गणपति शाबर साधना Uchchhishta Ganapati  Sadhna  PH. 85280 57364

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

नाथ पंथ की महागणपति प्रत्यक्षीकरण साधना भगवान गणेश के दर्शन के लिए ph.85280 57364

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra

प्राचीन प्रत्यंगिरा साधना Pratyangira Sadhana Ph.85280 57364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Hanuman Sadhana प्राचीन रहस्यमय हनुमान साधना विधि विधान सहित ph. 85280 57364

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Lakshmi Sadhna आपार धन प्रदायक लक्ष्मी साधना Ph.8528057364

Narsingh Sadhna – भगवान प्राचीन नृसिंह साधना PH.8528057364

चमत्कारी वीर बेताल साधना – Veer Betal sadhna ph .8528057364

Panchanguli – काल ज्ञान देवी पंचांगुली रहस्य विस्तार सहित Ph. 85280 57364

Veer Bulaki Sadhna – प्राचीन रहस्यमय वीर बुलाकी साधना PH.85280 57364

चमत्कारी प्राचीन लोना चमारी साधना शाबर मंत्र lona chamari ph.85280 57364

sham Kaur Mohini माता श्याम कौर मोहिनी की साधना और इतिहास -ph.85280 57364

Masani Meldi माता मेलडी मसानी प्रत्यक्ष दर्शन साधना और रहस्य ph. 85280 57364

Lama Tibet Tantra लामा तिब्बत तंत्र का वशीकरण साधना

नाहर सिंह वीर परतक्षीकरण साधना nahar singh veer sadhana ph.85280 – 57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

भुवनेश्वरी साधना महाविद्या साधना रहस्य (Bhuvaneshvari Mahavidya MANTRA TANTRA SADHBNA)

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

कमला महाविद्या साधना ( करोड़पति बनने की साधना ) साधना अनुभव के साथ kamala mahavidya mantra

baglamukhi sadhna प्राचीन शक्तिशाली मां बगलामुखी साधना ph.85280 57364

प्राचीन चमत्कारी ब्रह्मास्त्र माता बगलामुखी साधना अनुष्ठान Ph. 85280 57364

रंभा अप्सरा साधना और अनुभव rambha apsara sadhna ph.8528057364

urvashi apsara sadhna उर्वशी अप्सरा साधना एक चनौती PH. 85280 57364

अप्सरा साधना और तंत्र apsara sadhna aur tantra

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

(अप्सरा साधना के लाभ ) अप्सरा साधना का हमारे जीवन मे महत्व (Benefits of Apsara ) Our life of Apsara is

अप्सरा साधना में आहार कैसा होना चाहिए   apsara mantra sadhna

उर्वशी अप्सरा साधना प्रत्यक्षीकरण urvashi apsara pratyaksh sadhana mantra vidhi ph.85280

 yakshini sadhana

rakta chamunda रक्तचामुण्डा यक्षिणी सब से तीव्र वशीकरण साधना Ph.85280 57364

तुलसी यक्षिणी साधना tulsi yakshini sadhana

कनक यक्षिणी साधना प्रत्यक्षीकरण kanak yakshini sadhna ph. 85280 57364

पीपल यक्षिणी वशीकरण साधना pipal yakshini sadhana ph. 85280 57364

 त्रिकाल ज्ञान साधना

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Panchanguli sadhana – चमत्कारी प्राचीन त्रिकाल ज्ञान पंचांगुली साधना रहस्य ph.85280 57364

vartali devi sadhana वार्ताली देवी साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना ph. 85280 -57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

सात्विक सौम्य करन पिशाचिनी साधना भूत भविष्य वर्तमान की जानकारी के लिए karna pishachini sadhana

hanumat Margdarshan sadhna हनुमत मार्गदर्शन साधना

maa durga Trikal gyan sadhna माँ दुर्गा त्रिकाल ज्ञान सध्ना

काला इल्म इल्म और काला जादू

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

काला जादू black magic क्या है? और इस के क्या रहस्य है PH.8528057364

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

यंत्र मंत्र तंत्र ज्ञान

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Khetarpal Sadhna खेत्रपाल साधना और खेत्रपाल रहस्य कौन है

यह तंत्र साधना कभी न करे एक शादीशुदा साधक tantra sadhana

मायावी विद्या और कृष्ण के पौत्र के माया से अपहरण mayavi vidya ph.85280

MUSLIM sadhna

प्राचीन चमत्कारी मुवक्किल muwakkil साधना रहस्यph.85280 57364

Muslim sadhna मनवांछित इस्लामिक शक्ति को सिद्ध करने की साधना ph.85280 57364

sulemani panch peer sadhna सुलेमानी पाँच पीर साधना

Khabees – खबीस शैतान का सम्पूर्ण जानकारी- कैसा होता है

ख्वाजा पीर जी की साधना Khawaja Peer Sadhana

Sifli ilm सिफली इलम रहस्य हिंदी में विस्तार सहित ph.85280 57364

Tilasmi paryog ख़्वाजा तिलस्मी प्रयोग से त्रिकाल ज्ञान ph. 8528057364

Tantra English

Kamakhya Sindoor: History, Benefits, and Uses

Kamakhya Devi – A Journey Through the Mystical Temple of the Mother Goddess

What is Tantra?

Significance of wealth in life Maha lakshmi Sadhana ph.8528057364

mantra tantra education and guru knowledge

Is Tantra a Rapid Path to Self-Realization

what is Mantra Tantra Shastra?

Milarepa- The Great Tibetan Tantric & His Enlightenment

A Man Who Learnt a Magical Secret Mantra Secret Mantra

Relationship between Kundalini Tantra Yantra,Mantra

How is Aghori Tantra Mantra Sadhana?

Tantra Mantra education is not pornography and sexy science

Difference between Beej mantras and Tantric mantras and how to use them

Social media link

 guru  mantra  sadhna  Facebook  page 

 guru  mantra  sadhna  facebook  group

 guru  mantra  sadhna  youtube

 guru  mantra  sadhna   WordPress  

 guru  mantra  sadhna  LinkedIn

 guru  mantra  sadhna   email

 guru  mantra  sadhna  qoura

other links

best web hosting 

best domain  company 

best translate  tool

best news  website  

best singer

best mobile phone company

best  bank

best  shopping website 

best  laptop  company 

the best place in India

my  WordPress  use plugin

Ad Invalid Click Protector (AICP)

Rank Math SEO

Ad Invalid Click Protector

Advanced Editor Tools

Classic Editor

Clear Sucuri Cache

Easy Table of Contents

Featured Image from URL (FIFU)

Jetpack

Rank Math SEO

Webpushr Push Notifications

WordPress Automatic Plugin

WP Permalink Translator


guru mantra sadhna pages

 guru  mantra  sadhna Disclaimer

 guru  mantra  sadhna  Privacy Policy

 guru  mantra  sadhna  Terms and Conditions

 guru  mantra  sadhna  Contact

Cookies Policy

तंत्र साधना सिद्ध होने के लक्षण Tantra siddh hone lakshan ph. 85280 57364

No Comments
maxresdefault 1 1 https://gurumantrasadhna.com/2023/page/10/
तंत्र Tantra साधना सिद्ध होने के लक्षण Tantra siddh hone lakshan
तंत्र Tantra साधना सिद्ध होने के लक्षण Tantra siddh hone lakshan

तंत्र Tantra साधना सिद्ध होने के लक्षण Tantra siddh hone lakshan guru mantra  sadhna में स्वागत है आज फिर मैं एक विशिष्ट प्रश्न का उत्तर देने जा रहा हूं। जो दर्शकों ने मुझसे कई बार पूछा है। तंत्र Tantra साधना में एक बहुत ही रोचक प्रश्न है इस प्रश्न को लेकर साधकों और जातकों में जिज्ञासा बनी रहती है। सवाल यह है कि तंत्र Tantra सिद्धि क्या है कैसे पता करें कि सिद्धि प्राप्त हो गई है सिद्धि का सीधा सा मतलब है काम पूरा हो गया है । अब एक साधक कैसे जान सकता है कि वह जो साधना कर रहा है वह सिद्धि की ओर जा रहा है या नहीं या उसे सिद्धि मिल गई है  । मैंने पिछले वेदों में बताया है कि जब भी आप तंत्र Tantra साधना करते हैं सिद्ध गुरु के संरक्षण और मार्गदर्शन में ऐसा करें उसके बताए मार्ग पर चलें तंत्र Tantra सिद्धि मार्ग की ओर बढ़ने से पहले गुरु दीक्षा लेना बहुत आवश्यक है ।

पहले गुरु से दीक्षा लें, उसके बाद ही आगे बढ़ते हैं तंत्र Tantra साधना में आप अपने गुरु द्वारा बताए गए मार्ग पर चलकर साधना कर रहे हैं। आपके गुरु आपको सलाह देते रहते हैं जो भी संदेह आते रहते हैं, आप उससे पूछते रहते हैं जो भी बाधाएं आती रहती हैं, आप उसे बताते रहें क्योंकि उसके पास अनुभव है, उसके पास ज्ञान है। आपके सवालों का जवाब देते समय वह आपके मन की दुविधाओं को दूर करते हुए आपका मार्गदर्शन करते रहते हैं। अब प्रश्न यह है कि आपको कैसा लगेगा कि आपने सिद्धि प्राप्त कर ली है?

mantra siddh hone ke lakshan

मैं इसे एक छोटे से उदाहरण में देता हूं मैं अपने जीवन के अनुभवों से बता रहा हूं। साधना में तीन चीजें जरूरी हैं पहली बात जब आप साधना कर रहे हों आप जिस भी मार्ग से इसे कर रहे हैं, किसी भी मंत्र के साथ यदि आपके गुरु ने आपको मंत्र दिया है गुरु आपके साथ है तो यह निश्चित है कि आप उस मार्ग में सफल होंगे साधना करते समय या साधना पूरी होने के बाद कुछ शक्ति का अनुभव करना सामान्य है उदाहरण के लिए आपने काली साधना शुरू की है गुरु ने जो कुछ भी कहा, आपको समय, स्थान और मंत्र जाप के बारे में विस्तार से बताया।

और आप उसके द्वारा दिए गए निर्देशों के अनुसार सब कुछ कर रहे हैं फिर भी बाधाएं आती हैं साधना साधक के मार्ग में हमेशा आती है बाधा आपको इसे स्वीकार करना चाहिए यही कारण है कि मैंने पिछले वीडियो में भी कहा है कि साधना एक बहुत कठिन रास्ता है गुरु के मार्गदर्शन से उनकी कृपा से सभी बाधाएं दूर हो जाती हैं अगर आप इस पर विश्वास करते हैं, तो आपको बहुत शक्ति मिलने वाली है आप कोई सामान्य काम नहीं कर रहे हैं।

आपको एक बड़ी शक्ति मिलने जा रही है इसे प्राप्त करने के लिए, आपके पास इसे संजोने की शक्ति भी होनी चाहिए। प्लेटफॉर्म जितना मजबूत होगा, उस पर उतनी ही बड़ी चीज खड़ी हो पाएगी इनमें से कुछ मैंने पहले भी कहा है। साधक बनने के लिए कुछ जरूरी बातों का पालन करना चाहिए आत्म-शक्ति होनी चाहिए, मनोबल होना चाहिए। निडरता होनी चाहिए इसके अलावा, ज्ञान प्राप्त करने की क्षमता होनी चाहिए इतना सब होने के बाद भी जब गुरु आपको दीक्षा देते हैं और तुम साधना में उतर जाते हो।

आपके रास्ते में कई तरह की बाधाएं आती रहती हैं। ये बाधाएं कभी-कभी मानसिक हो सकती हैं कभी-कभी शारीरिक कभी-कभी सामाजिक इन बाधाओं को बाधा नहीं मानना चाहिए क्योंकि यह भी साधना का एक हिस्सा है इन सभी बाधाओं को दूर कर सिद्धि की ओर पहुंचेंगे इन सब से बाहर आकर आप सफल होंगे और आपको उस शक्ति का अहसास होगा।

आपके गुरु को इसके बारे में पता चल जाएगा लेकिन साधना करते समय और साधना पूरी होने के बाद आपको अलग-अलग तरह की भावनाएं भी महसूस होंगी: 48.734,11:47.295 आप में क्या बदलाव आए हैं जब आप गुरु के मार्गदर्शन में साधना कर रहे हों और मान लीजिए कि आपके गुरु ने साधना पूरी करने के लिए कुछ समय दिया है जैसे एक महीना, दो महीने या पंद्रह दिन, कोई भी समय सीमा अब आपने साधना की है लेकिन आपने उस समय में कुछ भी अनुभव नहीं किया है। तब भी आपके गुरु आपका मार्गदर्शन करेंगे। उपलब्धि की तीन बुनियादी बातें हैं। जब आप सिद्धि प्राप्त करते हैं, तो आपके द्वारा शक्ति का अनुभव किया जाता है लेकिन इससे पहले सपने में कई चीजें दिखाई देती हैं। आप जो भी शक्ति सिद्धि कर रहे हैं वह आपके सपनों में सबसे ज्यादा दिखाई देती है।

जब आप अपने गुरु को अपने सपनों का वर्णन करते हैं, तो आपको पता चल जाएगा कि उनका क्या मतलब है कभी-कभी ऐसा होता है कि आप जिस शक्ति की पूजा कर रहे हैं वह आपके सपने में प्रकट होती है। पहला रूप सपने में ही दिखाई देने वाला कहा जाता है, कभी-कभी साधक इस बात को समझ नहीं पाता है जब आप अपने गुरु को अपने सपने का वर्णन करेंगे, तो वह आपका मार्गदर्शन करेंगे साधक शुरुआत में उनके सपनों को समझ नहीं पाएंगे। इसलिए उसे अपने गुरु की सलाह लेनी पड़ती है। दूसरी बात है शक्ति को छाया रूप में देखना।

आप अपनी आँखें बंद कर लेंगे और आपको लगेगा कि मैंने अभी यहां कुछ देखा है लेकिन आप विश्वास नहीं कर सकते कि मैंने यहां कुछ देखा या नहीं। आप खुद पर विश्वास नहीं कर पाएंगे कि मैंने कुछ देखा या नहीं आप भी अपने गुरु को इस बात का वर्णन करें, कुछ ऐसा दिखाई दिया यह सब एक पल के लिए होता है आप थोड़ी देर के लिए छाया देखते हैं, कुछ महसूस करते हैं, यह सब बहुत कम क्षण के लिए होता है इसलिए हमने शक्ति को अपने सपनों में देखने या छाया रूप में देखने के बारे में चर्चा की है।

छाया के मामले में, आप इसे बहुत कम समय के लिए देखते हैं। यह लंबे समय तक नहीं होता है बहुत लंबे समय तक तंत्र Tantra साधना करने वालों के साथ भी ऐसा नहीं होता है। तो कृपया सिद्धि की ओर बढ़ते समय किसी भी प्रकार की छाया देखने पर डरें नहीं जब आप अपने गुरु को देखी गई छाया के प्रकार का वर्णन करेंगे वह आपको बहुत अच्छी तरह से समझाएंगे।

आपका विवरण उसे बताएगा कि आप उपलब्धि की ओर बढ़ रहे हैं या नहीं आपके शारीरिक और मानसिक जीवन पर प्रभाव के अनुसार गुरु आपको अपनी उपलब्धि का स्तर बताएंगे तीसरा प्रभाव है, आपने न तो सपना देखा और न ही छाया देखी, आपको इसका एहसास हुआ लोग भ्रमित हैं, कभी-कभी ऐसा लगता है कि जब मैं पूजा कर रहा था कोई मेरे सामने आकर बैठ गया, कोई मेरे बगल में आकर बैठ गया, तुम देख नहीं रहे हो, तुम्हें परछाई भी नहीं दिखती लेकिन महसूस होती है। यह आपके मूड में, आपके शरीर में महसूस किया जा रहा है लेकिन आप इसकी छाया नहीं देख पा रहे हैं कभी-कभी आपको एक अजीब गंध मिलती है

यह सुगंध हर समय नहीं आती है कई साधकों ने मुझे बताया कि गुरुजी, साधना के दौरान मुझे विशेष फूल की सुगंध मिलती है तो वे इसे सुगंध के रूप में महसूस करते हैं मैं यह सब तंत्र Tantra साधना में अपने वर्षों के अनुभव के अनुसार कह रहा हूं। मेरा विश्वास करो, मेरे कई शिष्य और जो साधना के मार्ग पर चल रहे हैं, जब उन्होंने कहा, मैंने उनका मार्गदर्शन किया।

इन बातों को समझने के लिए गुरु की जरूरत होती है आप साधना करते रहें साधना करते समय आप अपने सपनों में शक्ति को महसूस कर सकते हैं, या छाया रूप में या सिर्फ एक भावना में और ये तीन चीजें, कभी-कभी यह एक बात हो सकती है, कभी-कभी यह तीनों चीजें हो सकती हैं

इन सब में धैर्य और साहस के साथ आगे बढ़ते रहें, अपने गुरु का मार्गदर्शन लेते रहें यह निश्चित है कि आप उपलब्धि की ओर बढ़ते रहेंगे कई लोग इसे गलत अर्थों में भी लेते हैं। बहुत से लोग गलत समझ के साथ मेरे पास आए हैं, यह ऐसा कुछ भी नहीं है, यह परम शक्ति है, जो लोग इसमें डूब जाते हैं, वे इसका अनुभव कर सकते हैं।

हर कोई इसे पहली जगह में नहीं समझ सकता है, यही कारण है कि सही मार्गदर्शन की आवश्यकता है जो डरता है उसे बहुत बुरा अनुभव हो सकता है जिसे समझाना मुश्किल है इसलिए मैं दोहराता रहता हूं कि तंत्र Tantra सिद्धि की दिशा में हर कदम पर मार्गदर्शन लेना बहुत जरूरी है। और इसलिए मैं कहता हूं कि तंत्र Tantra साधना सबके लिए नहीं है। मैंने अपने पिछले वीडियो में भी समझाया है कि तंत्र Tantra साधना खतरनाक क्यों है मैंने विवरण में लिंक भी दिया है। यदि आप गुरु के मार्गदर्शन में आगे बढ़ते हैं हर चीज को सकारात्मक तरीके से लेने पर आपको सिद्धि अवश्य मिलती है।

जब आप इन बाधाओं को पार करते हुए आगे बढ़ते हैं और आप प्राप्त करेंगे तो आप उपलब्धि का अनुभव करेंगे आप खुद समझ जाएंगे कि अब मैंने कुछ हासिल कर लिया है। मैंने साधना में सिद्धि प्राप्त की है और आपके गुरु भी आपको यह समझाएंगे। तंत्र Tantra साधना में शक्ति प्राप्त करना कठिन है लेकिन असंभव नहीं, यह संभव है लोगों को सिद्धि प्राप्त होती है, और जब सिद्धि प्राप्त हो जाती है, तो शक्तियां धीरे-धीरे साधकों के साथ जुड़ जाती हैं कहा जाता है कि एक बार एयरोड्रम मजबूत एयरोड्रम बन जाता है, तो उस पर सबसे बड़ा हवाई जहाज भी उतर सकता है।

इसी तरह जब आप एक साधना में सफल हो जाते हैं तो उसके बाद आप कई शक्तियों को प्राप्त कर सकते हैं अगले वीडियो में, मैं आपको इन शक्तियों के बारे में अधिक बताऊंगा। अंत में, मैं आपसे आग्रह करना चाहता हूं कि घर पर समाज में बुजुर्गों की सेवा करें और उनका आशीर्वाद लें। यह आपको अनंत परिणाम देता है अगर आपको यह वीडियो पसंद आया हो तो कृपया इसे लाइक करें, guru mantra sadhna websie को सब्सक्राइब करें post को अपने दोस्तों और सहकर्मियों के बीच जितना हो सके फैलाएं, ताकि हर कोई इससे लाभान्वित हो सके

भारत की पहली तांत्रिक यूनिवर्सिटी

प्राचीन प्रत्यंगिरा साधना Pratyangira Sadhana Ph.85280 57364

bageshwar dham बागेश्वर धाम बाबा की खोली पोल

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra sadhna ph.8528057364

No Comments
Pataal Bhairavi - पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra sadhna ph.8528057364

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra sadhna ph.8528057364

Pataal Bhairavi - पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra sadhna ph.8528057364
Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra sadhna ph.8528057364

 Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra sadhna ph.8528057364 मैं जय श्री महाकाल जय माता रानी की आप सभी का माता रानी कल्याण करें और सभी को सुखी रखें हम आशा करते हैं।  आप सभी चुके होंगे आज एक विशेष प्रयोग बताएंगे भैरवी साधना के बारे में आपसे निवेदन ने आप हमारी वेबसाइट को  को सब्सक्राइब जरूर करें  ,और हमें आशा है कि आपको हमारे वेबसाइट से बहुत अच्छी जानकारी  मिलती  होगी ।

और वह से लोग साधना करते भी है वह मैं मैसेज भी भेजते हैं । उनके कुछ अनुभवों के बारे में भी बताते हैं वह मंत्र के बारे में और उनकी भेद  के बारे में भी बहुत से लोग ऐसे हैं जो पूछते हैं और बहुत से लोगों ने हमसे साधना भी लिए उनके अनुभव  वगैरा के बारे कई सारे मैसेज पढ़ है । टेलीग्राम पर तो आपसे भी निवेदन करते हैं कि आपको भी अगर किसी प्रकार की तंत्र-मंत्र में कोई सहायता चाहिए । तो आप हमें संपर्क कर सकते हैं है अब मैं किसी भी समय संपर्क कर सकते हैं ।

टेलीग्राम पर किसी भी समय आप मैसेज कीजिएगा जब भी देखेंगे आपको रिप्लाई कर दिया जाएगा है । इसके अलावा अगर आप बात करना चाहते हैं तो  यह नंबर पर फ़ोन करे   85280 57364 हम आपकी पूरी मदद करेंगे जितना हो सकेगा ।आपको पूरी सहायता की जाएगी और जो भी मंत्र साधना और विधि लेना चाहते हैं वह टेलीग्राम पर मैसेज कर के ले सकते हैं ।

आज जो भैरवी साधना के बारे में तो बेहतर भी एक विशेष साधना है, ऐसी साधनाओं को तमसा कि श्मशान में किया जाता है । कि यह साथ तामसिक विधि से जितनी करेंगे उचित तरीके से उतनी जल्दी फलदाई रहेगी और सफलता भी इसमें मिलेगी और हुआ, है कि आप अगर भैरवी साधना करते हैं करना चाहते हैं । तो हम आपको इस वीडियो में पाताल भैरवी का मंत्र बताएंगे इसके अलावा उसके भेद  के बारे में कुछ जानकारी देंगे, कि जब भी आप भैरवी साधना करें । तो आप किसी श्मशान को सुनने जहां पर उनकी भसम  वगैरह होती है और आप वेगरा  होती है  ।

वहां पर आपको कुछ क्रिया करनी पड़ती है जो कोई हर कोई करने में असमर्थ रहता है । कुछ गुप्त क्रियाएं होती है कुछ विशेष तांत्रिक प्रयोग होते हैं । उनमें कि श्मशान भूमि में जो भी किरया  करता है उनकी साधना आएं बहुत जल्दी सफल होती है और वह एक विशेष तांत्रिक के तौर पर जाना पहचाना लगता है । कि श्मशान भूमि एक ऐसी पवित्र भूमि है कि जहां पर बहुत सी शक्तियों का वास होता है ।

और यहां पर साधना करने वाला कोई विशेष साधक होता है वहीं कर सकता है।  क्योंकि श्मशान भूमि में साधना करने के लिए एक तो अपने पास में विशिष्ट शक्ति का साथ होना अत्यावश्यक है इसके अलावा अपने पास में कुछ रक्षा के तौर पर विशिष्ट मंत्रों को किए बिना वहां पर यह नहीं बैठ सकते हैं। 

दूसरी बात यह कि डरावने लोग बिल्कुल भी वहां यह टिक नहीं सकते हैं है और श्मशान भूमि का तो एक रहस्य बहुत ही निराला है वहां पर हर कोई तो दिन को भी नहीं जा सकता रात की तो बात ही छोड़ दें और जो भी साधना होती है वह ज्यादातर रात्रिकालीन में ही होती है क्योंकि वहां पर जो भी मंत्र जप करते हैं तो उन मंत्रों का बहुत ज्यादा  प्रभाव रहता है और बहुत सी एक्टिविटीज होती है

वहां पर शक्तियां होती है वह बहुत उपद्रव मचा आती है और अलग-अलग तरीके से यह वह शायद फिर सामने भी  पेश होती है या साधक की आस पास में कुछ खींचाताणी को उलट-पुलट भी होते रहते हैं कि यह जब साधक स्वयं वहां पर साधना करता है तब जाकर इनको महसूस होता है कि वास्तव में कुछ शक्तियां हैं है  भैरवी साधना करना चाहते हैं चुके हैं तो आप ऐसी भूमि में करें जहां परिचित हो सकें बाकी अन्य जगहों में अपना समय बर्बाद ना करें उसके लिए तामसिक प्रयोग में आपको मांस मदिरा का प्रयोग करना पड़ेगा

इसके अलावा मिष्टान वगैरह चावल वगैरह बहुत सी सामग्री होती है वह सात्विक और तामसिक दोनों मिलाकर वहां पर विशेष उनमें तामसिक प्रयोग किया जाता है लेकिन भोग के लिए आप चाहें तो अनेक प्रयोग कर सकते हैं

कि उनके क्रियाविधि रात्रिकालीन में की जाती है और रात्रिकालीन में इनका जब किया जाता है जब यह जप करते हैं तो आपको   माला प्रतिदिन का जप करना पड़ेगा तब जाकर ऐसी सत्य सिद्ध होगी और इनके साथ में बहुत सी सकती है सूत्रों की कि जब यह मंत्र जप करेंगे तो आपके आसपास पर कई सारी  यक्षिणियां जैसे बहुत से भूत  बेतालें बहुत सी ऐसी शक्तियां होगी

जो आपको डराएगी धमका आएगी कुछ भी करेगी इसके लिए वहां पर अपने सुरक्षा कवच होना अत्यावश्यक है और इस शक्ति  का साथ  होना अत्यावश्यक है ऐसी शक्तियां ज्यादातर अघोर पद्धति के जो गुरु होते हैं उनके सानिध्य में ही की जानी आवश्यक रहती है कि बाकी हर कोई ऐसी शक्तियों को ना तो ललकारने  के बारे में कभी सोचा ना चाहिए

वहां जाकर करें क्योंकि एक बार यह साधना करने के बाद में वहां की शक्तियां होती और जाग्रत हो जाती है उन शक्तियों को फिर शांत करना बहुत मुश्किल होता है और वहां से अगर आपके निकलते हैं

तो फिर आना मुश्किल होता है है ऐसी स्थिति में हर साधक यह सोचता है कि अपनी जान कैसे बचाएं है तो हमारा निवेदन है यही को कोई भी तामसिक प्रयोग कि अगर साधना एक विशेष तरीके से करते हैं तो वह शमशान जैसी भूमि में करें या किसी की देखरेख में करें ताकि वह साधना जल्दी सफ हो  ऐसी क्रियाएं होती है जो घरों में करना बहुत मुश्किल है

यह साधना घरों में तभी करें जब आप वहां की कुछ दिनों की साधना संपन्न करने के बाद में अगर आप घर पर करना चाहिए तो फिर सामान्य तौर पर फिर आप इसको घर पर कर सकते बात करते हैं

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना  विधि 

आप छोटा सा मंत्र आएं इस मंत्र कि आप 51  माला जप करके आप स्वयं  का अगर शमशान में नहीं करते हैं तो शमशान के कुछ सामग्री  एकांत में अन्य जगहों पर जाकर  भी इनके साधना कीजिएगा आपको एक-दो दिन में अनुभव हो जाएगा।

आप स्वयं प्रसन्न जाएंगे की हकीकत में कुछ शक्तियां हैं और अपने को इनके बारे में कुछ उलट-पुलट हो रहा है कि जब आपको ऐसा अनुभव होने लगे तो आप कठोर पद्धति से उपचार ना को करें फिर उस साधना में आगे बढ़ते नहीं इस मंत्र चुन लीजिए गा आप ध्यान से

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र

 

ओम पाताल भैरवी त्रिकाल कल्प तरु तरु स्वाहा

यह छोटा सा मंत्र जिनकी आपको 51 माला जप करना है यह साधना ज्यादातर अमावस्या की रात्रि में प्रारंभ की जाती है या त्रयोदशी को प्रारंभ की जाती है इसके अलावा आप शायद शनिवार के दिन भी रात्रिकाल में यह सब शुरू करें यह अपने बहुत लंबे समय तक करनी पड़ती है लगभग डेढ़ महीने कि आप मान लो तब जाकर इंसानों के धनी बनने जाता है

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र के लाभ 

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र के लाभ  यह साधना करने के बाद में किसी भी प्रकार के खट्ट  क्रम प्रयोग भी कर सकते हैं मैं इसमें सह मारण मोहन सम्मोहन कोई भी वशीकरण वगैरह होते हैं सब किए जा सकते हैं

इसके अलावा आप किसी दूर दूसरी शक्तियों को भी जानना पहचानना उनके बारे में क्या स्थिति है वह किस तरीके से अपना काम कर सकती है किसी विशेष आत्माओं का आगमन करवाना किसी भी प्रकार की किसी मृत जी उसे किसी मृत आत्मा आशीर्वाद  प्रपात करना

उनके बारे में कुछ जानना यह बहुत सी क्रिया ऐसी साधना करने के बाद में अपने को प्राप्त होती हैं कोई भी इंसान मृत्यु को प्राप्त हो गया है उसकी आत्मा को बुलाकर उनसे वार्तालाप भी ऐसी शक्तियों के जरिए कर सकते हैं कि यह साधना विशिष्ट तरीके से की जाती है हर कोई करने में बहुत मुश्किल रहता है लेकिन जब करेंगे तो इससे बहुत सी कुछ हासिल होता है कि आप भी करना चाहें तो अगर पद्धति से यह साधना कीजिएगा आपको हर तरीके से सफलता मिलेगी जय श्री महाकाल जय माता रानी की

 

CATEGORIES

यह साधना भी पढ़े नीचे  दिए  गए लिंक से

प्राचीन चमत्कारी उच्छिष्ट गणपति शाबर साधना Uchchhishta Ganapati  Sadhna  PH. 85280 57364

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

नाथ पंथ की महागणपति प्रत्यक्षीकरण साधना भगवान गणेश के दर्शन के लिए ph.85280 57364

Pataal Bhairavi – पाताल भैरवी बंगाल का जादू की मंत्र साधना Pataal Bhairavi bangal ka jadu mantra

प्राचीन प्रत्यंगिरा साधना Pratyangira Sadhana Ph.85280 57364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Hanuman Sadhana प्राचीन रहस्यमय हनुमान साधना विधि विधान सहित ph. 85280 57364

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Lakshmi Sadhna आपार धन प्रदायक लक्ष्मी साधना Ph.8528057364

Narsingh Sadhna – भगवान प्राचीन नृसिंह साधना PH.8528057364

चमत्कारी वीर बेताल साधना – Veer Betal sadhna ph .8528057364

Panchanguli – काल ज्ञान देवी पंचांगुली रहस्य विस्तार सहित Ph. 85280 57364

Veer Bulaki Sadhna – प्राचीन रहस्यमय वीर बुलाकी साधना PH.85280 57364

चमत्कारी प्राचीन लोना चमारी साधना शाबर मंत्र lona chamari ph.85280 57364

sham Kaur Mohini माता श्याम कौर मोहिनी की साधना और इतिहास -ph.85280 57364

Masani Meldi माता मेलडी मसानी प्रत्यक्ष दर्शन साधना और रहस्य ph. 85280 57364

Lama Tibet Tantra लामा तिब्बत तंत्र का वशीकरण साधना

नाहर सिंह वीर परतक्षीकरण साधना nahar singh veer sadhana ph.85280 – 57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

भुवनेश्वरी साधना महाविद्या साधना रहस्य (Bhuvaneshvari Mahavidya MANTRA TANTRA SADHBNA)

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

कमला महाविद्या साधना ( करोड़पति बनने की साधना ) साधना अनुभव के साथ kamala mahavidya mantra

baglamukhi sadhna प्राचीन शक्तिशाली मां बगलामुखी साधना ph.85280 57364

प्राचीन चमत्कारी ब्रह्मास्त्र माता बगलामुखी साधना अनुष्ठान Ph. 85280 57364

रंभा अप्सरा साधना और अनुभव rambha apsara sadhna ph.8528057364

urvashi apsara sadhna उर्वशी अप्सरा साधना एक चनौती PH. 85280 57364

अप्सरा साधना और तंत्र apsara sadhna aur tantra

रत्नमाला अप्सरा साधना – एक दिवसीय अप्सरा साधना ek divaseey apsara saadhana ph.85280 57364

(अप्सरा साधना के लाभ ) अप्सरा साधना का हमारे जीवन मे महत्व (Benefits of Apsara ) Our life of Apsara is

अप्सरा साधना में आहार कैसा होना चाहिए   apsara mantra sadhna

उर्वशी अप्सरा साधना प्रत्यक्षीकरण urvashi apsara pratyaksh sadhana mantra vidhi ph.85280

 yakshini sadhana

rakta chamunda रक्तचामुण्डा यक्षिणी सब से तीव्र वशीकरण साधना Ph.85280 57364

तुलसी यक्षिणी साधना tulsi yakshini sadhana

कनक यक्षिणी साधना प्रत्यक्षीकरण kanak yakshini sadhna ph. 85280 57364

पीपल यक्षिणी वशीकरण साधना pipal yakshini sadhana ph. 85280 57364

 त्रिकाल ज्ञान साधना

Sapneshwari sadhna – स्वप्नेश्वरी त्रिकाल दर्शन साधना Ph.85280 57364

Panchanguli sadhana – चमत्कारी प्राचीन त्रिकाल ज्ञान पंचांगुली साधना रहस्य ph.85280 57364

vartali devi sadhana वार्ताली देवी साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना ph. 85280 -57364

पुलदनी देवी त्रिकाल ज्ञान साधना भूत भविष्य वर्तमान जानने की साधना bhoot bhavishya vartman janne ki

सात्विक सौम्य करन पिशाचिनी साधना भूत भविष्य वर्तमान की जानकारी के लिए karna pishachini sadhana

hanumat Margdarshan sadhna हनुमत मार्गदर्शन साधना

maa durga Trikal gyan sadhna माँ दुर्गा त्रिकाल ज्ञान सध्ना

काला इल्म इल्म और काला जादू

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

काला जादू black magic क्या है? और इस के क्या रहस्य है PH.8528057364

काले इल्म की काल भैरव साधना kala ilm aur kala jadu sadhna ph. 85280 57364

काला कलुआ प्रत्यक्षीकरण साधना ( काले इल्म की शक्तियां पाने की साधना) Ph. – 85280 57364

यंत्र मंत्र तंत्र ज्ञान

गायत्री मंत्र के लाभ The Benefits Of Chanting Gayatri Mantra

Kachha Kalua – कच्चा कलुआ साधना – सम्पूर्ण रहस्य के साथ ph.8528057364

kritya sadhana -प्राचीन तीक्ष्ण कृत्या साधना ph. 85280 57364

Khetarpal Sadhna खेत्रपाल साधना और खेत्रपाल रहस्य कौन है

यह तंत्र साधना कभी न करे एक शादीशुदा साधक tantra sadhana

मायावी विद्या और कृष्ण के पौत्र के माया से अपहरण mayavi vidya ph.85280

इस्‍माइल जोगी का परिचय Introduction to Ismail Jogi

maran aadi mantra Prayogo me savdhaniya मारणादि मंत्र प्रयोगों में सावधानियां

vashikaran uchatan akarshan mantra paryogo savdhani वशीकरण, उच्चाटन,आकर्षणादि मन्त्र

Trikal gyan varahi sadhna त्रिकाल ज्ञान वाराही

Taratak Meditation kundalini jagarn karni ke pahile seedhee त्राटक ध्यानकुण्डलिनी जागरण करने 

mantra Tantra khatkarm मंत्र तंत्र षट्कर्म Ph 85280 57364

Tantra wikipedia

MUSLIM sadhna

प्राचीन चमत्कारी मुवक्किल muwakkil साधना रहस्यph.85280 57364

Muslim sadhna मनवांछित इस्लामिक शक्ति को सिद्ध करने की साधना ph.85280 57364

sulemani panch peer sadhna सुलेमानी पाँच पीर साधना

Khabees – खबीस शैतान का सम्पूर्ण जानकारी- कैसा होता है

ख्वाजा पीर जी की साधना Khawaja Peer Sadhana

Sifli ilm सिफली इलम रहस्य हिंदी में विस्तार सहित ph.85280 57364

Tilasmi paryog ख़्वाजा तिलस्मी प्रयोग से त्रिकाल ज्ञान ph. 8528057364

Tantra English

Kamakhya Sindoor: History, Benefits, and Uses

Kamakhya Devi – A Journey Through the Mystical Temple of the Mother Goddess

What is Tantra?

Significance of wealth in life Maha lakshmi Sadhana ph.8528057364

mantra tantra education and guru knowledge

Is Tantra a Rapid Path to Self-Realization

what is Mantra Tantra Shastra?

Milarepa- The Great Tibetan Tantric & His Enlightenment

A Man Who Learnt a Magical Secret Mantra Secret Mantra

Relationship between Kundalini Tantra Yantra,Mantra

How is Aghori Tantra Mantra Sadhana?

Tantra Mantra education is not pornography and sexy science

Difference between Beej mantras and Tantric mantras and how to use them

Social media link

 guru  mantra  sadhna  Facebook  page 

 guru  mantra  sadhna  facebook  group

 guru  mantra  sadhna  youtube

 guru  mantra  sadhna   WordPress  

 guru  mantra  sadhna  LinkedIn

 guru  mantra  sadhna   email

 guru  mantra  sadhna  qoura

other links

best web hosting 

best domain  company 

best translate  tool

best news  website  

best singer

best mobile phone company

best  bank

best  shopping website 

best  laptop  company 

the best place in India

my  WordPress  use plugin

Ad Invalid Click Protector (AICP)

Rank Math SEO

Ad Invalid Click Protector

Advanced Editor Tools

Classic Editor

Clear Sucuri Cache

Easy Table of Contents

Featured Image from URL (FIFU)

Jetpack

Rank Math SEO

Webpushr Push Notifications

WordPress Automatic Plugin

WP Permalink Translator


guru mantra sadhna pages

 guru  mantra  sadhna Disclaimer

 guru  mantra  sadhna  Privacy Policy

 guru  mantra  sadhna  Terms and Conditions

 guru  mantra  sadhna  Contact

Cookies Policy